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Agra News: लकड़ी, कोयला जलाकर बन रहा था खोवा, सात इकाइयां सील
Sat, 17 Dec 2022 02:19 PM IST
धीरेन्द्र सिंह
अमर उजाला ब्यूरो, आगरा
अमर उजाला ब्यूरो, आगरा
Published by: धीरेन्द्र सिंह
Updated Sat, 17 Dec 2022 02:19 PM IST
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सील (सांकेतिक)
- फोटो : ani
आगरा के नूरी दरवाजे की जगह फतेहाबाद के दूरदराज गांवों तक पहुंच गई पेठा इकाइयों की तरह खोवा बनाने वाली इकाइयां भी बड़ी संख्या में देहात में शुरू हो गई हैं। ग्रामीणों की शिकायत पर शुक्रवार दोपहर उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, एसडीएम और पुलिस की संयुक्त टीम ने छापा मारा। कोयला और लकड़ी जलाकर खोवा तैयार कर रहीं 7 इकाइयों को सील कर दिया गया। सातों इकाइयां फतेहाबाद के गांव तालगढ़ी और मूसेपुर में थीं।
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प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी डॉ. विश्वनाथ शर्मा ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर बनी प्रशासनिक कमेटी ने ऐसी इकाइयों पर कार्रवाई की है। यहां क्यूपला भट्ठी और बॉयलर में कोयला और लकड़ी जलाई जा रही थीं। उन्होंने कहा कि कोई भी इकाई इनका इस्तेमाल करती हुई पकड़ी गईं तो सीलिंग व ध्वस्तीकरण की कार्रवाई होगी।
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इनकी इकाइयां हुईं सील
फतेहाबाद के निबोहरा थाना स्थित महाराजपुर के गांव तालगढ़ी निवासी पप्पू, राम प्रकाश, दिलीप सिंह, राजाराम, राजू सिंह, मूसेपुर गांव में नरेंद्र सिंह, वीरी सिंह की खोवा बनाने वाली इकाइयों को सील किया गया।
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