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एसडीएम-तहसीलदार का वेतन कुर्क करने की चेतावनी
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मैनपुरी। मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण से आरसी जारी होने के बाद भी वसूली न करने के मामले में मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण के पीठासीन अधिकारी/ जिला जज पीएन राय ने एसडीएम और तहसीलदार किशनी को वेतन कुर्क करने की चेतावनी दी है। कारण बताओ नोटिस देकर तीन दिन के अंदर अधिकरण में उपस्थित होकर अपना पक्ष रखने को कहां है।
थाना बेवर के मोहल्ला कुचलिया निवासी नरेंद्र पांडेय की मृत्यु के बाद उनकी पत्नी कमलेश पांडेय ने मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण में मुआवजा पाने के लिए याचिका दायर की थी। याचिका का निस्तारण होने के बाद मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण द्वारा चार लाख सात हजार रुपये का मुआवजा मुआवजा दिया गया था। मुआवजा की धनराशि की वसूली के लिए आरसी तहसीलदार किशनी को भेजी गई थी, लेकिन तहसीलदार द्वारा आरसी की वसूली नहीं की गई और न ही अधिकरण में कोई आख्या भेजी गई। कमलेश पांडेय द्वारा की गई शिकायत पर मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण के पीठासीन अधिकारी पीएन राय जिला जज ने गंभीर रुख अपनाया है।
पीठासीन अधिकारी पीएन राय जिला जज ने बृहस्पतिवार को एसडीएम और तहसीलदार किशनी को चेतावनी दी है। पारित किए गए आदेश में कहा है कि मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण के आदेश का अनुपालन न करने के संबंध में क्यों ना एक तिहाई वेतन तब तक के लिए कुर्क कर लिया जाए जब तक आरसी की वसूली कर गए धनराशि अधिकरण में जमा करा दी जाए। आदेश का अनुपालन न करने के संबंध में तीन दिन में दोनों अधिकारी मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण में उपस्थित होकर अपना पक्ष रखें, जिससे आगे की कार्रवाई की जा सके। पीठासीन अधिकारी ने मामले की सुनवाई के लिए आठ जुलाई की तारीख तय कर दी है।
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थाना बेवर के मोहल्ला कुचलिया निवासी नरेंद्र पांडेय की मृत्यु के बाद उनकी पत्नी कमलेश पांडेय ने मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण में मुआवजा पाने के लिए याचिका दायर की थी। याचिका का निस्तारण होने के बाद मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण द्वारा चार लाख सात हजार रुपये का मुआवजा मुआवजा दिया गया था। मुआवजा की धनराशि की वसूली के लिए आरसी तहसीलदार किशनी को भेजी गई थी, लेकिन तहसीलदार द्वारा आरसी की वसूली नहीं की गई और न ही अधिकरण में कोई आख्या भेजी गई। कमलेश पांडेय द्वारा की गई शिकायत पर मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण के पीठासीन अधिकारी पीएन राय जिला जज ने गंभीर रुख अपनाया है।
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पीठासीन अधिकारी पीएन राय जिला जज ने बृहस्पतिवार को एसडीएम और तहसीलदार किशनी को चेतावनी दी है। पारित किए गए आदेश में कहा है कि मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण के आदेश का अनुपालन न करने के संबंध में क्यों ना एक तिहाई वेतन तब तक के लिए कुर्क कर लिया जाए जब तक आरसी की वसूली कर गए धनराशि अधिकरण में जमा करा दी जाए। आदेश का अनुपालन न करने के संबंध में तीन दिन में दोनों अधिकारी मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण में उपस्थित होकर अपना पक्ष रखें, जिससे आगे की कार्रवाई की जा सके। पीठासीन अधिकारी ने मामले की सुनवाई के लिए आठ जुलाई की तारीख तय कर दी है।
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