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आगरा में कार्यशाला का आयोजन: वैज्ञानिक बोले- वेटलैंड पर केवल वन्यजीव ही नहीं मानव जीवन भी निर्भर
Fri, 08 Oct 2021 04:17 PM IST
मुकेश कुमार
न्यूज डेस्क अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क अमर उजाला, आगरा
Published by: मुकेश कुमार
Updated Fri, 08 Oct 2021 04:17 PM IST
सार
डब्ल्यूडब्ल्यूएफ इंडिया के वेटलैंड वैज्ञानिक डॉ अमित दुबे ने इस बात पर चिंता व्यक्त की कि वेटलैंड के संरक्षण के अभाव मे पृथ्वी से शुद्ध जल तीव्रता के साथ खत्म हो रहा है।
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कार्यशाला में बोलते वेटलैंड वैज्ञानिक
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
आगरा में वन्यजीव सप्ताह के तहत शुक्रवार को जगदम्बा डिग्री कॉलेज फाउंड्री नगर में वेटलैंड (आर्द्रभूमि) व वन्यजीव विषय पर तीसरी कार्यशाला का आयोजन हुआ। कार्यशाला का आयोजन बायोडायवर्सिटी रिसर्च एंड डवलपमेंट सोसाइटी द्वारा किया गया। इसमें जयपुर राजस्थान से डब्ल्यूडब्ल्यूएफ इंडिया के वेटलैंड वैज्ञानिक डॉ अभिषेक भटनागर ने भारत के वेटलैंड्स की प्रकृति और मानव जीवन की निर्भरता पर प्रेजेंटेशन दिया।
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मध्यप्रदेश के भोपाल से डब्ल्यूडब्ल्यूएफ इंडिया के वेटलैंड वैज्ञानिक डॉ अमित दुबे ने इस बात पर चिंता व्यक्त की कि वेटलैंड के संरक्षण के अभाव मे पृथ्वी से शुद्ध जल तीव्रता के साथ खत्म हो रहा है। ग्राफ के माध्यम से इस संकट को समझाया।
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राजस्थान विश्वविद्यालय के गवर्नमेंट डिग्री कॉलेज कामां भरतपुर के प्राचार्य डॉ धीरेंद्र देवर्षि ने उत्तर प्रदेश के आगरा-मथुरा व भरतपुर- धौलपुर क्षेत्र के वेटलैंड और पक्षियों की प्रजातियों की जानकारी दी। एमएसजे डिग्री कॉलेज भरतपुर की डॉ प्रमिला गुप्ता ने पक्षियों की पहचान व गणना के तरीको की जानकारी प्रदान की ।
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डीएस कॉलेज अलीगढ़ की एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. मीरा सिंह ने वेटलैंड व पक्षियों पर अधिक शोध करने पर जोर दिया। कार्यशाला के संयोजक डॉ केपी सिंह ने बताया कि उत्तर प्रदेश व राजस्थान बार्डर पर स्थित वेटलैंड्स व जैव विविधता पर विशेष रूप से शोध किया जाएगा। कार्यक्रम में श्याम सुंदर शर्मा, अंसार खान ने भी पक्षियों से संबंधित व्याख्यान दिए।
कार्यशाला में विश्वविद्यालय के शोधार्थी हिमांशी सागर, शमी सईद, निधि यादव, डॉ प्रवीन कुमार ने अपने शोध पत्र प्रस्तुत किये। सभी वैज्ञानिकों को शील्ड देकर सम्मानित किया गया कार्यशाला में सूर सरोवर बर्ड सेन्चुरी के रेंज ऑफिसर योगेश कुमार के साथ डॉ डीपी सिंह, डॉ. पुष्पेन्द्र विमल, डॉ. बदन सिंह, डॉ. भरत सिंह चौहान, कमलेन्द्र सिंह, अजय , सुदर्शन, राकेश आदि उपस्थित रहे।