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कश्मीर में ही नहीं, यूपी के इस जिले में भी लहलहा रही केसर की फसल
Tue, 02 Apr 2019 05:32 PM IST
मुकेश कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मथुरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मथुरा
Published by: मुकेश कुमार
Updated Tue, 02 Apr 2019 05:32 PM IST
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खेत में केसर की फसल
- फोटो : अमर उजाला
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केसर कश्मीर में ही नहीं उत्तर प्रदेश में उगाया जा रहा है। इसकी फसल कान्हा की नगरी में लहलहा रही है। फरह क्षेत्र के गांव महुअन में किसान बेशकीमती केसर की खेती कर रहे हैं। वर्तमान में केसर की फसल पक कर तैयार है।
केसर उगाने वाले किसान जोगेन्द्र सिंह ने बताया कि अभी प्रैक्टिकल के तौर पर खेती गई है। उन्होंने बताया एक बीघा में 400 ग्राम केसर का बीज बोया गया था। हरियाणा से 1.5 लाख रुपये प्रति किलो के भाव से सीड खरीदा गया था।
किसानों के अनुसार खेती के लिए मीठा पानी होना जरूरी है। एक बीघा में सिंचाई और निराई-गुढ़ाई से लेकर फसल घर लाने तक एक लाख रुपये की कीमत आ रही है। एक बीघा केसर के फूलों को तोड़ने के लिए 50 मजदूरों की जरूरत होती है।
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केसर उगाने वाले किसान जोगेन्द्र सिंह ने बताया कि अभी प्रैक्टिकल के तौर पर खेती गई है। उन्होंने बताया एक बीघा में 400 ग्राम केसर का बीज बोया गया था। हरियाणा से 1.5 लाख रुपये प्रति किलो के भाव से सीड खरीदा गया था।
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किसानों के अनुसार खेती के लिए मीठा पानी होना जरूरी है। एक बीघा में सिंचाई और निराई-गुढ़ाई से लेकर फसल घर लाने तक एक लाख रुपये की कीमत आ रही है। एक बीघा केसर के फूलों को तोड़ने के लिए 50 मजदूरों की जरूरत होती है।
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60 हजार से ज्यादा है भाव
केसर की फसल में छह बार सिंचाई की जाती है। एक बीघा में 15 किलो केसर होने की संभावना है। आधी फसल टूट चुकी है, पूरी फसल घर आने के बाद दिल्ली के बाज़ार में इसको बेचा जाएगा। वहां के व्यापारी भी फसल को खरीदने खेतों तक पहुंच रहे हैं।
60 हजार रुपये प्रति किलो की कीमत से वो फसल को खरीद रहे हैं। केसर की देश में दवाओं से लेकर कई अन्य शारीरिक समस्याओं में प्रयोग किया जाता है। खाने के लिए मिठाई आदि में भी इसको प्रयोग किया जा रहा है।
60 हजार रुपये प्रति किलो की कीमत से वो फसल को खरीद रहे हैं। केसर की देश में दवाओं से लेकर कई अन्य शारीरिक समस्याओं में प्रयोग किया जाता है। खाने के लिए मिठाई आदि में भी इसको प्रयोग किया जा रहा है।