Circle Rates Agra: सर्किल रेट सर्वे का विरोध, तीन तहसीलों में नहीं हुए बैनामे
सर्किल रेट सर्वे का विरोध शुरू हो गया है। सदर तहसील में अधिवक्ताओं ने आंदोलन का एलान किया है। मांग है कि जहां बाजार मूल्य कम वहां सर्किल रेट घटाया जाए।
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आगरा में सर्किल रेट के सर्वे के विरोध में बृहस्पतिवार को सदर, किरावली व खेरागढ़ तहसील में बैनामा नहीं हुए। रजिस्ट्री दफ्तरों में सन्नाटा पसरा रहा। इधर, सदर तहसील में अधिवक्ताओं व दस्तावेज लेखकों के सम्मेलन में सर्किल रेट बढ़ाने पर आंदोलन करने का निर्णय हुआ। कहा गया कि जरूरत पड़ी तो अधिवक्ता उच्च न्यायालय में याचिका भी दाखिल कर सकते हैं।
कई स्थानों पर सर्किल रेट बाजार मूल्य से अधिक
जिला प्रशासन जमीन, दुकान, मकान व अन्य संपत्तियों के सर्किल रेट बढ़ाने जा रहा है। इसके लिए सभी तहसीलों में सर्वे चल रहा है। उप निबंधक संपत्तियों का सत्यापन में जुटे हैं। इधर, बृहस्पतिवार को सदर तहसील बार एसोसिएशन के आह्वान पर किरावली, खेरागढ़ व अन्य तहसीलों के अधिवक्ताओं ने सम्मेलन किया। बार अध्यक्ष लाल बहादुर राजपूत ने बताया कि सर्किल रेट में वृद्धि तर्क संगत नहीं हैं। पहले सर्किल रेट की पुरानी विसंगतियों को दूर किया जाए। कई स्थानों पर सर्किल रेट बाजार मूल्य से अधिक है। इसके अलावा कृषि भूमि के सर्किल रेट अधिक होने के कारण किसानों पर आर्थिक बोझ पड़ रहा है।
उच्च न्यायालय की लेंगे शरण
सम्मेलन में निर्णय हुआ कि जिलाधिकारी के साथ जल्द अधिवक्ता व अन्य हित धारक बैठक कर सर्किल रेट को स्थगित करने की मांग रखेंगे। सम्मेलन में सर्किल रेट बढ़ाए जाने के विरोध में आंदोलन व उच्च न्यायालय की शरण लेने पर सहमति बनी। जन सामान्य से भी आंदोलन में सहयोग मांगा है। सम्मेलन में रामकृष्ण दत्त उपाध्याय, राजीव उपाध्याय, कुलदीप शर्मा, सुरेश कंसल, मुनेश गर्ग, राहुल कौशल, श्याम सुंदर शर्मा, जगदीश लवानियां, राम कुमार रावत, निशांत चतुर्वेदी, कुमेर सिंह, बनबारी लाल आदि ने विचार व्यक्त किए।