फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   no celebration in runkuta agra after death of two girls

पटाखों की आग में दो बेटियों खोने वाले आगरा के इस कस्बे ने नहीं मनाई दिवाली

Fri, 20 Oct 2017 09:55 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला रुनकता (आगरा)
ब्यूरो/अमर उजाला रुनकता (आगरा) Updated Fri, 20 Oct 2017 09:55 PM IST
विज्ञापन
no celebration in runkuta agra after death of two girls
रामजीलाल सुमन ने संजीव अग्रवाल के परिजनों से मुलाकात की - फोटो : अमर उजाला
आगरा का रुनकता कस्बा दिवाली पर शोक में डूबा रहा। आतिशबाजी हुई न उपहार बंटे। न ही पूरे कस्बे में दिये जलाए गए। दो बच्चियों की दर्दनाक मौत पर दीपों के त्योहार पर गम का अंधेरा पसरा रहा।  
विज्ञापन


घरों पर झालर लगीं न ही लोग पूजन के बाद मिठाई बांटने निकले। जो लोग घरों से निकले तो वे कारोबारी संजीव अग्रवाल के घर पहुंचे, जिनकी बेटियों की मौत हुई है। हालांकि लोग उनके आंसू पोंछने की कोशिश कर रहे थे मगर खुद उनके नयन सजल थे।
विज्ञापन


दिवाली से एक दिन पहले हुए हादसे में संजीव की दुनियां उजड़ गई है। बता दें कि पटाखों के धमाकों से संजील का तीन मंजिला मकान जगह-जगह से टूट गया। तीसरी मंजिल की छत ढह गई है। इसी मकान के तहखाने में पटाखों का भंडारण किया गया था, उसमें लगी आग फैल गई थी। धुएं से दम घुटने से संजीव की दो बेटियों वैष्णवी ( 12)और चीनू (नौ) की जान चली गई थी।
विज्ञापन
विज्ञापन

इस दर्दनाक हादसे के दर्द ने त्योहार की खुशियां छीन लीं। बच्चे पटाखे खरीद लाए थे लेकिन एक ने भी नहीं चलाए। हादसे के बाद से अन्नकूट की रात तक बाजारों में सन्नाटा रहा। जहां प्रायः जाम लगता था वहां सड़क खाली पड़ी थी।

संजीव के घर आने वालों का तांता लगा है। वे आ रहे हैं संजीव के आंसू पोंछने के लिए, मगर हालात देखकर खुद अपने नयनों को सजल होने से रोक नहीं पा रहे। गुरुवार को समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय सचिव रामजीलाल सुमन ने संजीव अग्रवाल के परिजनों से मुलाकात की और ढांढस बंधाया।

पीड़ित पर ही हो सकता है केस

इस मामले की जांच एसडीएम कर रहे हैं, उनकी रिपोर्ट आने के बाद ही केस दर्ज होगा। हालांकि पुलिस सूत्रों का कहना है कि पुलिस अधिकारी इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं करना चाहते हैं, उन्हें लग रहा है कि संजीव का सब कुछ तो छिन गया है।

अब क्या केस दर्ज किया जाए। पटाखा गोदाम अवैध रूप से चल रहा था। अगर केस दर्ज हुआ तो संजीव की मुसीबत और बढ़ सकती है। एएसपी श्लोक कुमार का कहना है कि अभी एसडीएम की रिपोर्ट नहीं मिली है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed