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Railway News: रेलवे की नई स्वचालित सिग्नल व्यवस्था, ट्रनों की बढ़ेंगी रफ्तार; सुरक्षित होगा सफर
Tue, 03 Mar 2026 08:44 AM IST
Dhirendra Singh
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
Published by: Dhirendra Singh
Updated Tue, 03 Mar 2026 08:44 AM IST
सार
मथुरा के छाता-कोसीकलां रेल खंड की तीसरी और चौथी लाइन पर नई स्वचालित सिग्नल प्रणाली लागू होने से ट्रेनों के बीच दूरी कम कर सुरक्षित संचालन संभव होगा। उन्नत नियंत्रण, पहिया गणना यंत्र और फाटकों में सुधार से अब रेल संचालन और अधिक तेज हो सकेगा।
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ट्रेन सांकेतिक आगरा
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
आगरा रेल मंडल के छाता-कोसीकलां रेल खंड में तीसरी और चौथी रेल लाइन पर नई स्वचालित सिग्नल व्यवस्था शुरू की गई है। इससे 10.20 किलोमीटर लंबे इस रेल सेक्शन में अब ट्रेनें एक-दूसरे के पीछे कम दूरी पर भी सुरक्षित चल सकेंगी। साथ ही उनकी रफ्तार में भी सुधार होगा।
पीआरओ प्रशस्ति श्रीवास्तव ने बताया कि नई सिग्नल केबिन में उन्नत नियंत्रण प्रणाली, आग से सुरक्षा और बिजली आपूर्ति प्रणाली के साथ ट्रैक पर आवश्यक तकनीकी सुधार किए गए हैं। इस प्रणाली में 54 पटरी सेक्शन में 58 पहिया गणना यंत्र लगाए गए हैं। रेलवे फाटकों पर भी जरूरी सुधार किए गए हैं।
इसके अलावा तीन रेलवे फाटक (संख्या 545, 546, 547) पर भी आवश्यक तकनीकी सुधार किए गए हैं। इस वित्तीय वर्ष में अब तक भूतेश्वर से कोसीकलां तक कुल 40 किलोमीटर क्षेत्र में ऐसी व्यवस्था लागू की जा चुकी है, जिससे रेल संचालन और अधिक सुरक्षित व समयबद्ध हो सकेगा।
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पीआरओ प्रशस्ति श्रीवास्तव ने बताया कि नई सिग्नल केबिन में उन्नत नियंत्रण प्रणाली, आग से सुरक्षा और बिजली आपूर्ति प्रणाली के साथ ट्रैक पर आवश्यक तकनीकी सुधार किए गए हैं। इस प्रणाली में 54 पटरी सेक्शन में 58 पहिया गणना यंत्र लगाए गए हैं। रेलवे फाटकों पर भी जरूरी सुधार किए गए हैं।
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इसके अलावा तीन रेलवे फाटक (संख्या 545, 546, 547) पर भी आवश्यक तकनीकी सुधार किए गए हैं। इस वित्तीय वर्ष में अब तक भूतेश्वर से कोसीकलां तक कुल 40 किलोमीटर क्षेत्र में ऐसी व्यवस्था लागू की जा चुकी है, जिससे रेल संचालन और अधिक सुरक्षित व समयबद्ध हो सकेगा।
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