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दुर्गा महोत्सवः षष्टी पूजा के साथ पंडाल में विराजेंगी मां, सिंदूर खेला से होगी विदाई
Fri, 04 Oct 2019 12:09 AM IST
Abhishek Saxena
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, फिरोजाबाद
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, फिरोजाबाद
Published by: Abhishek Saxena
Updated Fri, 04 Oct 2019 12:09 AM IST
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दुर्गा पूजा के लिए मूर्ति को अंतिम रूप देता कारीगर
- फोटो : अमर उजाला
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बंगाल और बिहार से आए मूर्तिकारों ने मां दुर्गा के मूर्तियों को अंतिम रूप दे दिया है। षष्टी पूजा पर पुष्पांजलि के साथ मां दुर्गा की प्रतिमा की स्थापना की जाएगी। देवी के दर्शनों के लिए शनिवार शाम को देवी पंडालों को खोल दिया जाएगा।
बंगाली समुदाय के लोगों की ओर से दुर्गा महोत्सव को धूमधाम से मनाने के लिए विशाल पंडाल तैयार किए गए हैं। इसमें गंगनचुभी तोरणद्वार तैयार किए गए हैं। नगर में करीब दो दर्जन जगह पर दुर्गा महोत्सव मनाया जा रहा है।
बंगाली समुदाय के अलावा अन्य समुदाय के लोग भी अब दुर्गा महोत्सव मनाने लगे हैं। टूंडला में अब यह भव्य महापर्व मनाया जाता है। इसे देखने के लिये क्षेत्र के ही नहीं विभिन्न प्रांतों के लोग भी पहुंचते हैं।
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बंगाली समुदाय के लोगों की ओर से दुर्गा महोत्सव को धूमधाम से मनाने के लिए विशाल पंडाल तैयार किए गए हैं। इसमें गंगनचुभी तोरणद्वार तैयार किए गए हैं। नगर में करीब दो दर्जन जगह पर दुर्गा महोत्सव मनाया जा रहा है।
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बंगाली समुदाय के अलावा अन्य समुदाय के लोग भी अब दुर्गा महोत्सव मनाने लगे हैं। टूंडला में अब यह भव्य महापर्व मनाया जाता है। इसे देखने के लिये क्षेत्र के ही नहीं विभिन्न प्रांतों के लोग भी पहुंचते हैं।
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यह विशाल महोत्सव वैसे तो 29 सितंबर को भूमि पूजन व कलश यात्रा के साथ प्रारंभ हो चुका है, लेकिन पांच अक्टूबर को महोत्सव में मां की प्रतिमाएं स्थापित की जाएंगी। इसे बाद तीन दिवसीय महोत्सव मनाया जाएगा। इसमें आनंद मेला और प्रतियोगिताओं का आयोजन भी किया जाएगा। सिदूंर खेला के साथ मां को विदाई दी जाएगी।