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न्यायालय का समय बदलने की मांग पर 11वें दिन भी जारी रही वकीलों की हड़ताल

Thu, 20 Jun 2019 10:40 PM IST
मुकेश कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मैनपुरी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मैनपुरी Published by: मुकेश कुमार Updated Thu, 20 Jun 2019 10:40 PM IST
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Lawyers strike for changing court time in mainpuri
धरने पर बैठे अधिवक्ता - फोटो : अमर उजाला
मैनपुरी बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने न्यायालय का समय परिवर्तन न किए जाने के विरोध में लगातार 11वें दिन हड़ताल जारी रखी। गुरुवार को आक्रोशित अधिवक्ताओं ने न्यायालय में बने एसोसिएशन के कार्यालय के बाहर धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया।
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न्यायालय का समय सुबह किए जाने की मांग कर रहे अधिवक्ताओं की हड़ताल धरने में बदल गई। सचिव ब्रजेंद्र यादव ने बताया कि अगर शीघ्र ही न्यायालय का समय सुबह सात बजे से दोपहर एक बजे तक नहीं किया गया तो एसोसिएशन के बैनर तले अधिवक्ता आमरण अनशन करने को मजबूर होंगे। 
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उन्होंने मांग की कि न्यायालय का समय प्रात:कालीन किया जाए। इस संबंध में एक प्रतिनिधि मंडल ने प्रशासनिक न्यायमूर्ति अनिल कुमार सिंह से मुलाकात की। मांग की गई कि न्यायालय का समय सुबह सात बजे से दोपहर एक बजे तक किया जाए। 
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धरना के दौरान अशोक कुमार बाजपेयी, अवधेश यादव, अजीतकांत मिश्रा, मुकेश शर्मा, हृदय नरायन चतुर्वेदी, संजीव शर्मा, संजय मिश्रा,  आशीष मिश्रा, विनीता सिंह भदौरिया, वीर सिंह यादव, रीता नैय्यर, प्रदीप कुमार राजपूत, अनिल कुमार कठेरिया आदि अधिवक्ता मौजूद रहे।

ये है पूरा मामला

हाईकोर्ट इलाहाबाद द्वारा प्रदेश के 35 जिलों में अदालतों के समय में परिवर्तन किया गया था। इसमें मैनपुरी जिला भी शामिल था। वकीलों के संगठनों के सहमति न होने के चलते हाईकोर्ट इलाहाबाद द्वारा दूसरे आदेश में अदालतों का समय सुबह 10 बजे से शाम पांच बजे तक ही रखने की बात कही गई। इसके विरोध में वकीलों का एक संगठन आंदोलन की राह पर है। 

मैनपुरी बार एसोसिएशन के अध्यक्ष सौरभ यादव का कहना है कि 34 जिलों की तरह ही मैनपुरी में भी जून में अदालतों का समय सुबह सात बजे से दोपहर एक बजे तक किया जाना चाहिए। जबकि दूसरे गुट के अध्यक्ष संजीत गौड़ का कहना है कि हाईकोर्ट का आदेश माना जाना चाहिए। हाईकोर्ट ने ही अदालतों का समय सुबह 10 से पांच बजे तक किया है।
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