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सीएम योगी तक पहुंचा कराहरा हत्याकांड : करीब नौ माह बाद भी खुलासा नहीं कर पाई पुलिस
Tue, 28 Apr 2026 02:43 AM IST
आगरा ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा
संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा
Updated Tue, 28 Apr 2026 02:43 AM IST
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बिचपुरी। थाना किरावली क्षेत्र के गांव कराहरा में रिटायर्ड फौजी बनवीर सिंह (60) की हत्या का मामला करीब नौ माह बाद भी अनसुलझा बना हुआ है। अब यह मामला मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ तक पहुंच गया है, जहां मृतक के पुत्र ने खुलासे की गुहार लगाई है। बावजूद इसके अब तक पुलिस के हाथ कोई ठोस सुराग नहीं लग सका है।
मृतक के भाई हरेंद्र उर्फ पप्पू ठेकेदार ने बताया कि पांच अगस्त की रात घर में अकेले सो रहे बनवीर सिंह की हत्या कर बदमाश करीब सात लाख रुपये के गहने और नकदी ले गए थे। घटना के बाद प्राथमिकी दर्ज की गई, लेकिन लंबा समय बीतने के बावजूद न तो आरोपियों की पहचान हो सकी है और न ही चोरी गया सामान बरामद हो पाया है। पप्पू ठेकेदार ने बताया कि हत्या के खुलासे के लिए फतेहपुर सीकरी सांसद राजकुमार चाहर और पूर्व सैनिकों का प्रतिनिधिमंडल भी पुलिस आयुक्त से मिल चुका है, लेकिन अब तक नतीजा शून्य रहा है। अभी तक न तो हत्यारों का कोई सुराग मिला है और न ही चोरी गया सामान बरामद हुआ है। इससे पुलिस की कार्यशैली और जांच की दिशा पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। इधर, एक माह पूर्व मृतक के पुत्र रविंद्र सिंह ने लखनऊ में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के जनता दरबार में पहुंचकर मामले के खुलासे की मांग की है।
पूछताछ में मारपीट के आरोपों से मचा था बवाल
मामले ने उस समय और तूल पकड़ लिया था, जब पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर आरोप सामने आए थे। गांव के किसान राधेश्याम शर्मा के परिवार ने आरोप लगाया था कि पूछताछ के नाम पर उनके बेटों के साथ बर्बरता की गई। 19 दिसंबर को सत्यप्रकाश को थाने लाकर तीन दिन तक बैठाए रखने और 21 दिसंबर को उसके भाई राजकुमार शर्मा उर्फ राजू को बुलाकर मारपीट करने का आरोप था। परिजन के अनुसार मारपीट इतनी गंभीर थी कि राजकुमार बेहोश हो गया और उसके दोनों पैरों में फ्रैक्चर हो गया था।
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तीन पुलिसकर्मी हुए थे निलंबित
इस प्रकरण के सामने आने के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया था। विभागीय जांच में प्रथम दृष्टया आरोप सही पाए जाने पर तत्कालीन थानाध्यक्ष नीरज कुमार, उपनिरीक्षक धर्मवीर सिंह और सिपाही रवि मलिक को निलंबित कर दिया गया, जबकि तत्कालीन एसीपी अछनेरा रामप्रवेश गुप्ता का तबादला कर दिया गया था।
पुलिस टीम द्वारा व्यापक स्तर पर कार्य किया जा रहा है। मामले के सभी पहलुओं की गहनता से जांच की जा रही है। बड़े स्तर से कार्रवाई करने की योजना बनाई जा रही है। जल्द ही खुलासा कर दिया जाएगा। - शैलेंद्र सिंह, सहायक पुलिस आयुक्त, अछनेरा
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मृतक के भाई हरेंद्र उर्फ पप्पू ठेकेदार ने बताया कि पांच अगस्त की रात घर में अकेले सो रहे बनवीर सिंह की हत्या कर बदमाश करीब सात लाख रुपये के गहने और नकदी ले गए थे। घटना के बाद प्राथमिकी दर्ज की गई, लेकिन लंबा समय बीतने के बावजूद न तो आरोपियों की पहचान हो सकी है और न ही चोरी गया सामान बरामद हो पाया है। पप्पू ठेकेदार ने बताया कि हत्या के खुलासे के लिए फतेहपुर सीकरी सांसद राजकुमार चाहर और पूर्व सैनिकों का प्रतिनिधिमंडल भी पुलिस आयुक्त से मिल चुका है, लेकिन अब तक नतीजा शून्य रहा है। अभी तक न तो हत्यारों का कोई सुराग मिला है और न ही चोरी गया सामान बरामद हुआ है। इससे पुलिस की कार्यशैली और जांच की दिशा पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। इधर, एक माह पूर्व मृतक के पुत्र रविंद्र सिंह ने लखनऊ में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के जनता दरबार में पहुंचकर मामले के खुलासे की मांग की है।
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पूछताछ में मारपीट के आरोपों से मचा था बवाल
मामले ने उस समय और तूल पकड़ लिया था, जब पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर आरोप सामने आए थे। गांव के किसान राधेश्याम शर्मा के परिवार ने आरोप लगाया था कि पूछताछ के नाम पर उनके बेटों के साथ बर्बरता की गई। 19 दिसंबर को सत्यप्रकाश को थाने लाकर तीन दिन तक बैठाए रखने और 21 दिसंबर को उसके भाई राजकुमार शर्मा उर्फ राजू को बुलाकर मारपीट करने का आरोप था। परिजन के अनुसार मारपीट इतनी गंभीर थी कि राजकुमार बेहोश हो गया और उसके दोनों पैरों में फ्रैक्चर हो गया था।
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तीन पुलिसकर्मी हुए थे निलंबित
इस प्रकरण के सामने आने के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया था। विभागीय जांच में प्रथम दृष्टया आरोप सही पाए जाने पर तत्कालीन थानाध्यक्ष नीरज कुमार, उपनिरीक्षक धर्मवीर सिंह और सिपाही रवि मलिक को निलंबित कर दिया गया, जबकि तत्कालीन एसीपी अछनेरा रामप्रवेश गुप्ता का तबादला कर दिया गया था।
पुलिस टीम द्वारा व्यापक स्तर पर कार्य किया जा रहा है। मामले के सभी पहलुओं की गहनता से जांच की जा रही है। बड़े स्तर से कार्रवाई करने की योजना बनाई जा रही है। जल्द ही खुलासा कर दिया जाएगा। - शैलेंद्र सिंह, सहायक पुलिस आयुक्त, अछनेरा