{"_id":"6220c30c3e0a7b6db909ff4d","slug":"holi-celebration-starts-in-the-rang-mahal-of-nidhivan-in-vrindavan","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"मथुरा: वृंदावन के निधिवन के रंग महल में छाई होली की मस्ती, श्रद्धालुओं पर बरस रहे आस्था के रंग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मथुरा: वृंदावन के निधिवन के रंग महल में छाई होली की मस्ती, श्रद्धालुओं पर बरस रहे आस्था के रंग
Thu, 03 Mar 2022 07:00 PM IST
मुकेश कुमार
संवाद न्यूज एजेंसी, मथुरा
संवाद न्यूज एजेंसी, मथुरा
Published by: मुकेश कुमार
Updated Thu, 03 Mar 2022 07:00 PM IST
सार
ब्रज में होली का उल्लास छाया हुआ है। मंदिरों में प्रसाद रूपी अबीर-गुलाल बरस रहा है। इसी क्रम में गुरुवार को निधिवन के रंग महल में श्रद्धालुओं पर गुलाल बरसा।
विज्ञापन
निधिवन के रंग महल में श्रद्धालुओं पर बरसा गुलाल
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
मथुरा और वृंदावन में होली का उल्लास चरम पर पहुंचने लगा है। जन जन के आराध्य ठाकुर श्रीबांकेबिहारी जी की प्राकट्य स्थली पर भी होली की धूम है। निधिवन के रंग महल पर रंग बरस रहा है। फुलेरा दूज की पूर्व संध्या पर गुरुवार को निधिवन आए भक्त होली की मस्ती में डूबे नजर आए। ठाकुरजी का प्रसादी गुलाल लगवाने के बाद भक्त भी धन्य हुए। भक्तों ने भी होली के गीत और भजन गाकर ठाकुरजी को रिझाने का प्रयास किया।
विज्ञापन
मंदिर के सेवायत भीकचंद गोस्वामी ने बताया कि रंग महल में होली सुबह मंगला आरती के समय खेली जाती है। मंदिर के पुजारी रोहित गोस्वामी ने बताया कि रंग महल है तो यहां रंगों का महत्व है। यहां वसंत पंचमी से होली खेली जाती है।
विज्ञापन
वसंत पंचमी से यहां आने वाले भक्तों को गुलाल लगाया जाता है। इसके बाद फूलेरा दूज से एकादशी तक भक्तों पर गुलाल डाला जाता है। एकादशी से होली तक भक्त अपने भगवान के साथ होली खेलते हैं। होली के दौरान यहां चल रहे होली के गीतों पर दर्शन करने आते भक्त झूमने को मजबूर हो जाते हैं।
विज्ञापन
जन्मस्थान पर होगी प्रिया-प्रियतम की अद्भुत होली
मथुरा के श्रीकृष्ण जन्मस्थान पर लठामार होली का आयोजन रंगभरनी एकादशी 14 मार्च को किया जाएगा। होली के आयोजन को लेकर तैयारियां शुरू हो गई है। होली के भव्य एवं दिव्य रूप के आयोजन के लिए बुधवार को श्रीकृष्ण जन्मस्थान सेवा संस्थान एवं श्रीकृष्ण लठामार होली समिति की बैठक आयोजित हुई।श्रीकृष्ण जन्मस्थान सेवा संस्थान संस्थान के सचिव कपिल शर्मा ने बताया कि केशव वाटिका में लठामार होली कार्यक्रम के मध्य जगदीश ब्रजवासी का गायन होगा। राजेश शर्मा, शालिनी एवं उनके सहयोगी कलाकारों द्वारा होली के सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत करेंगे।
इस वर्ष लठामार होली में रावल ग्राम के हुरियारे-हुरियारिनों के साथ श्रीकृष्ण जन्मस्थान से जुड़े भक्तजन की भी सहभागिता रहेगी। लठामार होली के मध्य में पुष्प, गुलाल एवं पुष्पार्क (टेसू के पुष्प जल) की बारिश अलौकिक दृश्य को सजीव करेगी। आयोजन को भव्यता, दिव्यता एवं रसमय बनाने के लिए गुलाल, पुष्प की पंखुड़ियों की वर्षा की जाएगी।