Agra: फरवरी माह में प्रसव के दौरान पांच गर्भवती महिलाओं ने तोड़ा दम, डीएम बोले-खून की कमी से मौत बर्दाश्त नहीं
आगरा में डीएम ने राष्ट्रीय मिशन के तहत जननी सुरक्षा योजना की समीक्षा की। इस दौरान अर्बन हेल्थ सेंटर नाई की सराय और मंटोला के प्रभारी बैठक से गैर हाजिर रहे। इस उन्हें कारण बताओ नोटिस जारी किया गया।
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उत्तर प्रदेश के आगरा में जिलाधिकारी नवनीत सिंह चहल ने बुधवार को राष्ट्रीय मिशन के तहत जननी सुरक्षा योजना की समीक्षा की। बैठक में बताया कि फरवरी में पांच गर्भवतियों की मृत्यु हो गई। डीएम ने इस पर नाराजगी व्यक्त करते की। उन्होंने सीएमओ से कहा खून की कमी से गर्भवती की मृत्यु बर्दाश्त नहीं होगी। प्रत्येक ब्लॉक में सबसे खराब प्रदर्शन करने वाली 10 आशा कार्यकत्रियों की काउंसलिंग की जाए।
स्वास्थ्य अधिकारियों ने डीएम को मातृ मृत्यु दर की वजह खून की कमी, हार्ट फेल्योर आदि बताई। उन्होंने कहा सभी प्रसव स्वास्थ्य केंद्रों में कराए जाएं। गर्भवतियों की प्रसव पूर्व जांच कराई जाए। उनके खान-पान व दवाइयों का ध्यान रखा जाए। बैठक में प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना की प्रगति शहरी व ग्रामीण क्षेत्र में असंतोषजक मिली।
दो प्रभारियों को कारण बताओ नोटिस जारी
अर्बन हेल्थ सेंटर नाई की सराय और मंटोला के प्रभारी बैठक से गैर हाजिर रहे। डीएम ने दोनों प्रभारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के आदेश सीएमओ डॉ. अरुण श्रीवास्तव को दिए हैं। बैठक में आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को भुगतान नहीं होने पर सीडीओ ने नाराजगी व्यक्त की। एक सप्ताह में भुगतान नहीं होने पर डीसीपीएम का वेतन रोकने के निर्देश दिए हैं। बैठक में जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. संजीव वर्मन, अमृतांशु राज आदि मौजूद रहे।