फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   English medium education: Half the session passed, only 32 percent of the books came

अंग्रेजी माध्यम शिक्षा: आधा सत्र बीता, मात्र 32 प्रतिशत किताबें आई

Wed, 21 Sep 2022 11:12 PM IST
Agra Bureau आगरा ब्यूरो
Updated Wed, 21 Sep 2022 11:12 PM IST
सार

जिला में अंग्रेजी माध्यम शिक्षा के नाम पर खिलवाड़ हो रहा है।शिक्षासत्र को शुरू हुए छह माह का समय होने जा रहा है, लेकिन अभी तक बच्चों के हाथों में सभी विषयों की किताबें नहीं आ सकी हैं।

विज्ञापन
English medium education: Half the session passed, only 32 percent of the books came

विस्तार

कासगंज। जिला में अंग्रेजी माध्यम शिक्षा के नाम पर खिलवाड़ हो रहा है। आधा शिक्षासत्र बीत चुका है, लेकिन अभी तक मात्र 32.37 प्रतिशत किताबें ही जिला में आई हैं। जिससे बच्चों की विधिवत पढ़ाई नहीं हो पा रही।
विज्ञापन

परिषदीय स्कूलों को कान्वेंट स्कूलों की तर्ज पर विकसित करने के लिए जिला में 94 अंग्रेजी माध्यम स्कूल संचालित हो रहे हैं, लेकिन इन स्कूूलें में पढ़ने वाले 23864 बच्चों को सही ढंग से शिक्षा नहीं मिल पा रही। शिक्षासत्र को शुरू हुए छह माह का समय होने जा रहा है, लेकिन अभी तक बच्चों के हाथों में सभी विषयों की किताबें नहीं आ सकी हैं। अंग्रेजी माध्यम स्कूलों के लिए 95836 पुस्तकों की आवश्यकता है। इनमें से 31027 पुस्तकें ही आई हैं। पुस्तकों को लेकर सबसे खराब हालात प्राइमरी कक्षाओं की है। कक्षा एक की कलरव बर्कबुक, कक्षा 2 की वर्कबुक गिनतारा, वर्कबुक अंग्रेजी, कक्षा 4 की बर्ड ऑफ नंबर, अवर इनवायरमेंट, कक्षा 5 की नोलेज ऑफ मेथमेटिक्स, नेचर विषय की किताबें नहीं आई हैं। जबकि जूनियर कक्षाओं में सबसे खराब हालात कक्षा 8 के है। इस कक्षा में एक्सप्लोर मेथमेटिक्स, अवर हिस्ट्री एंड सिविल लाइफ, विज्ञान भारती, अवर आइडियल पर्सनेल्टी जैसी किताबें नहीं आई हैं। वहीं कक्षा 7 में ग्रिथ कौशल की किताब नहीं आई है। विभाग के सूत्र बताते हैं कि अक्टूबर माह में अर्धवार्षिक परीक्षाएं होनी हैं। बिना पढ़ाई के बच्चे किस तरह से परीक्षा में शामिल होंगे।
विज्ञापन

शासन से बच्चों को उपलब्ध कराई जाने वाली पुस्तकों की खेप लगातार आ रही है। जैसे ही पुस्तकें प्राप्त हो रही हैं उनका सत्यापन कराकर बच्चों को वितरण कराया जा रहा है, जिससे पढ़ाई पर असर न पड़े- राजीव यादव, बेसिक शिक्षा अधिकारी
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed