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तीन और फर्जी शिक्षकों पर गिरी गाज, ऐसे की सेवा समाप्त
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मैनपुरी। दो वर्ष तक चली लंबी जांच के बाद एसआईटी द्वारा फर्जी घोषित किए गए तीन और शिक्षकों की बुधवार को सेवाएं समाप्त कर दी गईं। वहीं एक शिक्षक का नाम सीडी में न मिलने पर उसका वेतन रोकने की कार्रवाई की गई है। सत्यापन के बाद इस शिक्षक के खिलाफ आगे की कार्रवाई की जाएगी।
डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय से वर्ष 2004-05 में बीएड करने वाले जिले के 78 शिक्षकों को एसआईटी ने फर्जी घोषित किया था। नवंबर 2017 में एसआईटी ने इन शिक्षकों की बर्खास्तगी के लिए सीडी बीएसए कार्यालय को भेजी थी। 74 शिक्षकों को 30 नवंबर को बर्खास्त कर दिया गया था। चार शिक्षकों की जांच चल रही थी, जिनमें से तीन को बुधवार को जिला समिति की सहमति के बाद बीएसए ने बर्खास्त कर दिया। एक शिक्षक का वेतन रोका गया है।
52 दिन बाद हो सकी तीन पर कार्रवाई
एसआईटी की सूची में शामिल 78 शिक्षकों में से 74 शिक्षकों की बर्खास्तगी बीते वर्ष 30 नवंबर को कर दी गई थी। जबकि चार शिक्षकों की जांच चल रही थी। बुधवार को 52 दिन बाद हुई कार्रवाई में तीन शिक्षकों की बर्खास्तगी कर दी गई। जबकि एक का वेतन रोका गया है। इस शिक्षक का नाम सूची में तो है, लेकिन सीडी में इसका नाम नहीं है। इसलिए इसके अभिलेखों का पुन: सत्यापन कराया जाएगा।
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कब क्या हुई कार्रवाई
02 नवंबर 2017 को एसआईटी ने फर्जी शिक्षकों की सूची जनपद भेजी।
15 नवंबर 2017 को बीएसए ने बर्खास्तगी का प्रथम नोटिस जारी कर मांगा जवाब।
20 अगस्त 2018 को बीएसए ने बर्खास्तगी के लिए द्वितीय नोटिस जारी कर मांगा जवाब।
जून 2019 में एसआईटी ने दूसरी सीडी बीएसए को भेजी ।
जुलाई 2019 में बीएसए ने खंड शिक्षाधिकारी को जांच के लिए विश्वविद्यालय भेजा।
21 सितंबर 2019 को बीएसए ने तीसरा और अंतिम बर्खास्तगी नोटिस किया जारी।
30 नवंबर 2019 को 74 शिक्षकों की बीएसए ने सेवा की समाप्त ।
22 जनवरी 2020 को तीन शिक्षकों की बर्खास्तगी की कार्रवाई हुई।
खंड शिक्षाधिकारियों को दिए एफआईआर के निर्देश
जिन तीन शिक्षकों की सेवाएं समाप्त हुई हैं उनका वेतन रोकने के साथ ही बीएसए ने खंड शिक्षाधिकारियों को उनके विरुद्ध एफआईआर कराने के निर्देश भी दिए हैं।
किस पर क्या हुई कार्रवाई
-अंबुज कुमार प्राथमिक विद्यालय नगला धर्राज विकास खंड जागीर बर्खास्त।
-मनोज कुमार उच्च प्राथमिक विद्यालय घिरोर विकास खंड घिरोर बर्खास्त।
-संजीव कुमार प्राथमिक विद्यालय असरोही विकास खंड करहल बर्खास्त।
-अनूप सिंह प्राथमिक विद्यालय घरेंदा विकास खंड कुरावली का वेतन रोका।
जिला समिति के निर्णय के बाद तीन शिक्षकों की सेवाएं समाप्त की गई हैं। वहीं एक का वेतन रोका गया है। उसके अभिलेखों का फिर से सत्यापन कराया जाएगा। उसका नाम एसआईटी द्वारा भेजी गई सही और गलत एक भी सीडी में नहीं है। जांच के बाद ही उसके विरुद्ध कार्रवाई होगी।
विजय प्रताप सिंह, बीएसए
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डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय से वर्ष 2004-05 में बीएड करने वाले जिले के 78 शिक्षकों को एसआईटी ने फर्जी घोषित किया था। नवंबर 2017 में एसआईटी ने इन शिक्षकों की बर्खास्तगी के लिए सीडी बीएसए कार्यालय को भेजी थी। 74 शिक्षकों को 30 नवंबर को बर्खास्त कर दिया गया था। चार शिक्षकों की जांच चल रही थी, जिनमें से तीन को बुधवार को जिला समिति की सहमति के बाद बीएसए ने बर्खास्त कर दिया। एक शिक्षक का वेतन रोका गया है।
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52 दिन बाद हो सकी तीन पर कार्रवाई
एसआईटी की सूची में शामिल 78 शिक्षकों में से 74 शिक्षकों की बर्खास्तगी बीते वर्ष 30 नवंबर को कर दी गई थी। जबकि चार शिक्षकों की जांच चल रही थी। बुधवार को 52 दिन बाद हुई कार्रवाई में तीन शिक्षकों की बर्खास्तगी कर दी गई। जबकि एक का वेतन रोका गया है। इस शिक्षक का नाम सूची में तो है, लेकिन सीडी में इसका नाम नहीं है। इसलिए इसके अभिलेखों का पुन: सत्यापन कराया जाएगा।
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कब क्या हुई कार्रवाई
02 नवंबर 2017 को एसआईटी ने फर्जी शिक्षकों की सूची जनपद भेजी।
15 नवंबर 2017 को बीएसए ने बर्खास्तगी का प्रथम नोटिस जारी कर मांगा जवाब।
20 अगस्त 2018 को बीएसए ने बर्खास्तगी के लिए द्वितीय नोटिस जारी कर मांगा जवाब।
जून 2019 में एसआईटी ने दूसरी सीडी बीएसए को भेजी ।
जुलाई 2019 में बीएसए ने खंड शिक्षाधिकारी को जांच के लिए विश्वविद्यालय भेजा।
21 सितंबर 2019 को बीएसए ने तीसरा और अंतिम बर्खास्तगी नोटिस किया जारी।
30 नवंबर 2019 को 74 शिक्षकों की बीएसए ने सेवा की समाप्त ।
22 जनवरी 2020 को तीन शिक्षकों की बर्खास्तगी की कार्रवाई हुई।
खंड शिक्षाधिकारियों को दिए एफआईआर के निर्देश
जिन तीन शिक्षकों की सेवाएं समाप्त हुई हैं उनका वेतन रोकने के साथ ही बीएसए ने खंड शिक्षाधिकारियों को उनके विरुद्ध एफआईआर कराने के निर्देश भी दिए हैं।
किस पर क्या हुई कार्रवाई
-अंबुज कुमार प्राथमिक विद्यालय नगला धर्राज विकास खंड जागीर बर्खास्त।
-मनोज कुमार उच्च प्राथमिक विद्यालय घिरोर विकास खंड घिरोर बर्खास्त।
-संजीव कुमार प्राथमिक विद्यालय असरोही विकास खंड करहल बर्खास्त।
-अनूप सिंह प्राथमिक विद्यालय घरेंदा विकास खंड कुरावली का वेतन रोका।
जिला समिति के निर्णय के बाद तीन शिक्षकों की सेवाएं समाप्त की गई हैं। वहीं एक का वेतन रोका गया है। उसके अभिलेखों का फिर से सत्यापन कराया जाएगा। उसका नाम एसआईटी द्वारा भेजी गई सही और गलत एक भी सीडी में नहीं है। जांच के बाद ही उसके विरुद्ध कार्रवाई होगी।
विजय प्रताप सिंह, बीएसए