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साइबर अपराध: एडीए के इंजीनियर की फर्जी आईडी बनाकर दोस्त से जमा कराए सात हजार
Thu, 14 Jan 2021 10:54 AM IST
Abhishek Saxena
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
Published by: Abhishek Saxena
Updated Thu, 14 Jan 2021 10:54 AM IST
सार
- फेसबुक से लगाया फोटो
- मैसेंजर से भेजे थे मैसेज
- पुलिस से शिकायत
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साइबर क्राइम
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
साइबर अपराधियों ने आगरा विकास प्राधिकरण के सहायक इंजीनियर के नाम से फेसबुक पर फर्जी आईडी बना ली। इसके बाद दोस्तों को मैसेंजर से संदेश भेजकर रुपयों की मांग की। इंजीनियर के एक दोस्त ने सात हजार रुपये जमा कर दिए। इसके बाद रकम जमा होने के मैसेज का स्क्रीन शाट व्हाटस एप पर भेजा। इस पर इंजीनियर को जानकारी हुई। उन्होंने दोस्तों को मैसेज करके साइबर अपराधियों के झांसे में नहीं आने के लिए कहा।
दयालबाग के कल्याणी हाइट्स निवासी बृजेश कुमार आगरा विकास प्राधिकरण में सहायक इंजीनियर हैं। बुधवार को फेसबुक पर उनके नाम से फर्जी आईडी बना ली गई। इस पर उनका फोटो भी लगा दिया गया। इसके बाद उनके दोस्तों को दोस्ती के लिए निवेदन भेज दिया। कुछ दोस्तों ने दोस्ती का निवेदन स्वीकार कर लिया। साइबर अपराधियों ने दोस्तों को मैसेंजर से संदेश भेजने शुरू कर दिए।
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रुपयों की जरूरत बताते हुए मदद मांगी। बृजेश कुमार के मुताबिक, ग्वालियर निवासी दोस्त संजय त्रिपाठी झांसे में आ गए। उन्होंने सात हजार रुपये भेजे गए खाता संख्या में आनलाइन ट्रांसफर कर दिए। उन्होंने रकम जमा करने का स्क्रीन शाट वाट्स एप पर भेजा। इस पर फर्जी आईडी की जानकारी हुई। इस पर इंजीनियर ने अपने दोस्तों को मैसेज भेजकर फर्जी आईडी के माध्यम से मांगे रुपये जमा नहीं करने के लिए कहा। उन्होंने फर्जी आईडी को बंद कराने के लिए शिकायत की है।
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दयालबाग के कल्याणी हाइट्स निवासी बृजेश कुमार आगरा विकास प्राधिकरण में सहायक इंजीनियर हैं। बुधवार को फेसबुक पर उनके नाम से फर्जी आईडी बना ली गई। इस पर उनका फोटो भी लगा दिया गया। इसके बाद उनके दोस्तों को दोस्ती के लिए निवेदन भेज दिया। कुछ दोस्तों ने दोस्ती का निवेदन स्वीकार कर लिया। साइबर अपराधियों ने दोस्तों को मैसेंजर से संदेश भेजने शुरू कर दिए।
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एटीएम कार्ड का क्लोन बनाकर रकम निकाले जाने की आशंका
जयपुर के एक होटलकर्मी के खाते से साइबर अपराधी ने 48500 रुपये निकाल लिए। पीड़ित ने घटना की जानकारी फतेहपुर सीकरी थाने में दी है। रुपये एटीएम कार्ड का क्लोन बनाकर निकाले जाने की आशंका जताई गई है।फतेहपुर सीकरी के सीमावर्ती गांव चिचाना, भरतपुर निवासी योगेश कुमार ने बताया कि वह जयपुर के होटल में कार्यरत है। बुधवार को वह सीकरी बाईपास मोड़ स्थित एक एटीएम बूथ में रुपये निकालने गया था। वहीं एक युवक ने मदद के बहाने उसके एटीएम से छेड़छाड़ की।
उसके बाद बुधवार को उसके खाते से चार बार में 48500 रुपये निकल गए। रुपये निकाले जाने का मोबाइल फोन पर संदेश आते ही उसने संबंधित बैंक को जानकारी दी। जहां उसे बताया गया कि रुपये एटीएम द्वारा निकाले गए हैं। जबकि उसका एटीएम उसके पास है। ऐसे में आशंका है कि रुपये निकालने के दौरान संपर्क में आए व्यक्ति ने उसके एटीएम का क्लोन बना लिया है और उसी से यह रकम निकाली है।
जयपुर के एक होटलकर्मी के खाते से साइबर अपराधी ने 48500 रुपये निकाल लिए। पीड़ित ने घटना की जानकारी फतेहपुर सीकरी थाने में दी है। रुपये एटीएम कार्ड का क्लोन बनाकर निकाले जाने की आशंका जताई गई है।फतेहपुर सीकरी के सीमावर्ती गांव चिचाना, भरतपुर निवासी योगेश कुमार ने बताया कि वह जयपुर के होटल में कार्यरत है। बुधवार को वह सीकरी बाईपास मोड़ स्थित एक एटीएम बूथ में रुपये निकालने गया था। वहीं एक युवक ने मदद के बहाने उसके एटीएम से छेड़छाड़ की।
उसके बाद बुधवार को उसके खाते से चार बार में 48500 रुपये निकल गए। रुपये निकाले जाने का मोबाइल फोन पर संदेश आते ही उसने संबंधित बैंक को जानकारी दी। जहां उसे बताया गया कि रुपये एटीएम द्वारा निकाले गए हैं। जबकि उसका एटीएम उसके पास है। ऐसे में आशंका है कि रुपये निकालने के दौरान संपर्क में आए व्यक्ति ने उसके एटीएम का क्लोन बना लिया है और उसी से यह रकम निकाली है।