{"_id":"6a9f729cef53b59a610ad225","slug":"cross-examination-begins-in-agra-sisters-religious-conversion-case-2026-09-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"यूपी: सगी बहनों ने क्यों किया धर्म परिवर्तन? 14 के खिलाफ आरोपपत्र, वादी और दोनों पीड़िताओं की हो चुकी है गवाही","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
यूपी: सगी बहनों ने क्यों किया धर्म परिवर्तन? 14 के खिलाफ आरोपपत्र, वादी और दोनों पीड़िताओं की हो चुकी है गवाही
Tue, 08 Sep 2026 07:57 AM IST
Dhirendra Singh
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
Published by: Dhirendra Singh
Updated Tue, 08 Sep 2026 07:57 AM IST
सार
आगरा में दो सगी बहनों के धर्म परिवर्तन के मामले में सोमवार को अदालत में पीड़ित युवती से आरोपियों के अधिवक्ता ने जिरह की। मामले में 14 आरोपियों के खिलाफ आरोप तय हो चुके हैं और सुनवाई जारी है।
विज्ञापन
आगरा धर्मांतरण केस।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
आगरा के सदर की दो सगी बहनों के धर्म परिवर्तन के मामले में सोमवार को एडीजे-14 ज्योत्सना सिंह की अदालत में सुनवाई हुई। आरोपियों के अधिवक्ता ने रायबरेली निवासी पीड़ित युवती से जिरह की। अगली सुनवाई 8 सितंबर को होगी। मामले में पुलिस ने 14 आरोपियों के खिलाफ आरोपपत्र दाखिल किया है।
इस मामले में इससे पहले वादी और दो पीड़िताओं की गवाही हो चुकी है। बता दें, 24 मार्च को सदर क्षेत्र की दो सगी बहनें घर से लापता हो गई थीं। 18 जुलाई को पुलिस ने दोनों को कोलकाता के तपसिया इलाके में तलाश कर लिया। धर्मांतरण कराने के मामले में पुलिस ने 10 आरोपी पकड़े, जिनसे पूछताछ के बाद 4 और आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। इसमें दिल्ली का रहने वाला मास्टरमाइंड अब्दुल रहमान उर्फ महेंद्र पाल सिंह भी शामिल है।
वह अवैध धर्मांतरण के मामले में जेल में बंद मौलाना कलीम सिद्दीकी के लिए काम करता है। अदालत में इस मामले में 22 जून, 2026 को दिल्ली निवासी अब्दुल रहमान, उसके बेटे अब्दुल रहीम और अब्दुल्ला, गोवा की रहने वाली आयशा उर्फ एसबी कृष्णा, शाहगंज के सराय ख्वाजा का रहमान कुरैशी, मुजफ्फरनगर का अबू तालिब, जयपुर का मोहम्मद अली उर्फ पीयूष पवार, हसन अली उर्फ शेखर राय, ओसामा खान, अब्दुल रहमान, मनोज कनौजिया, जुनैद कुरैशी, रित बनिक उर्फ मोहम्मद इब्राहिम सहित 14 आरोपियों के खिलाफ बीएनएस और उत्तर प्रदेश विधि विरुद्ध धर्म परिवर्तन अधिनियम की अलग-अलग धाराओं में आरोप तय कर दिए हैं। सुनवाई जारी है।
विज्ञापन
विज्ञापन
इस मामले में इससे पहले वादी और दो पीड़िताओं की गवाही हो चुकी है। बता दें, 24 मार्च को सदर क्षेत्र की दो सगी बहनें घर से लापता हो गई थीं। 18 जुलाई को पुलिस ने दोनों को कोलकाता के तपसिया इलाके में तलाश कर लिया। धर्मांतरण कराने के मामले में पुलिस ने 10 आरोपी पकड़े, जिनसे पूछताछ के बाद 4 और आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। इसमें दिल्ली का रहने वाला मास्टरमाइंड अब्दुल रहमान उर्फ महेंद्र पाल सिंह भी शामिल है।
विज्ञापन
वह अवैध धर्मांतरण के मामले में जेल में बंद मौलाना कलीम सिद्दीकी के लिए काम करता है। अदालत में इस मामले में 22 जून, 2026 को दिल्ली निवासी अब्दुल रहमान, उसके बेटे अब्दुल रहीम और अब्दुल्ला, गोवा की रहने वाली आयशा उर्फ एसबी कृष्णा, शाहगंज के सराय ख्वाजा का रहमान कुरैशी, मुजफ्फरनगर का अबू तालिब, जयपुर का मोहम्मद अली उर्फ पीयूष पवार, हसन अली उर्फ शेखर राय, ओसामा खान, अब्दुल रहमान, मनोज कनौजिया, जुनैद कुरैशी, रित बनिक उर्फ मोहम्मद इब्राहिम सहित 14 आरोपियों के खिलाफ बीएनएस और उत्तर प्रदेश विधि विरुद्ध धर्म परिवर्तन अधिनियम की अलग-अलग धाराओं में आरोप तय कर दिए हैं। सुनवाई जारी है।
विज्ञापन