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वकील के हमलावरों को नहीं पकड़ सकी पुलिस
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Fri, 26 Aug 2016 01:57 AM IST
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- फोटो : अमर उजाला
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दीवानी कचहरी में बुधवार शाम पुलिस चौकी के सामने अधिवक्ता ओमवीर सिंह चाहर पर किए जानलेवा हमले के मामले में नामजद पांच आरोपियों में से पुलिस एक को भी गिरफ्तार नहीं कर पाई है। आरोपियों को नाम और पते के अलावा मोबाइल नंबर भी पुलिस को दे दिए गए हैं। गुरुवार रात तक उनका कोई सुराग तक नहीं मिल पाया है। यह हाल तब है जब हमले के विरोध में अधिवक्ताओं ने न केवल शुक्रवार को काम न करने का एलान किया है बल्कि सभी बार की मीटिंग भी बुलाई है।
ओमवीर सिंह चाहर को तीन गोलियां मारी गई थीं। हमला दीवानी चौकी के ठीक सामने हुआ था। अधिवक्ताओं का कहना है कि उस समय चौकी में 12 पुलिसकर्मी मौजूद थे। हमला होते ही सभी चौकी में दुबक गए। इस पर बुधवार रात ही चौकी इंचार्ज समेत चार को लाइन हाजिर कर दिया गया था। अधिवक्ताओं ने सभी के निलंबन की मांग रखी थी।
हमले की एफआईआर ओमवीर सिंह चाहर के चचेरे भाई अजय चाहर ने चंदन सिंह, विजेंद्र, नत्थी, वेदपाल और राकेश के खिलाफ दर्ज कराई थी। इनमें से गुरुवार रात तक एक भी गिरफ्तारी नहीं हो पाई। पुलिस ने आरोपियों के रिश्तेदारों से पूछताछ की।
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आज होगी सभी बार की मीटिंग
दीवानी कचहरी में शनिवार सुबह सभी बार की मीटिंग बुलाई गई है। इसमें दो मुद्दे प्रमुखता से रहेंगे। एक तो ओमवीर सिंह चाहर के हमलावरों का न पकड़ा जाना। दूसरा कचहरी की सुरक्षा। अधिवक्ताओं के गुस्से की एक वजह यह भी है कि अधिकारियों से कई बार कहने के बावजूद कचहरी की सुरक्षा पर ध्यान नहीं दिया गया। हाईकोर्ट स्थापना संघर्ष समिति के मीडिया प्रभारी अधिवक्ता मनीष सिंह ने बताया कि जल्द ही प्रतिनिधि मंडल डीएम से भी मिलेगा।
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ओमवीर सिंह चाहर को तीन गोलियां मारी गई थीं। हमला दीवानी चौकी के ठीक सामने हुआ था। अधिवक्ताओं का कहना है कि उस समय चौकी में 12 पुलिसकर्मी मौजूद थे। हमला होते ही सभी चौकी में दुबक गए। इस पर बुधवार रात ही चौकी इंचार्ज समेत चार को लाइन हाजिर कर दिया गया था। अधिवक्ताओं ने सभी के निलंबन की मांग रखी थी।
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हमले की एफआईआर ओमवीर सिंह चाहर के चचेरे भाई अजय चाहर ने चंदन सिंह, विजेंद्र, नत्थी, वेदपाल और राकेश के खिलाफ दर्ज कराई थी। इनमें से गुरुवार रात तक एक भी गिरफ्तारी नहीं हो पाई। पुलिस ने आरोपियों के रिश्तेदारों से पूछताछ की।
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आज होगी सभी बार की मीटिंग
दीवानी कचहरी में शनिवार सुबह सभी बार की मीटिंग बुलाई गई है। इसमें दो मुद्दे प्रमुखता से रहेंगे। एक तो ओमवीर सिंह चाहर के हमलावरों का न पकड़ा जाना। दूसरा कचहरी की सुरक्षा। अधिवक्ताओं के गुस्से की एक वजह यह भी है कि अधिकारियों से कई बार कहने के बावजूद कचहरी की सुरक्षा पर ध्यान नहीं दिया गया। हाईकोर्ट स्थापना संघर्ष समिति के मीडिया प्रभारी अधिवक्ता मनीष सिंह ने बताया कि जल्द ही प्रतिनिधि मंडल डीएम से भी मिलेगा।