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एटीएम कार्ड बदलकर खाते से उड़ाए दो लाख

Wed, 28 Oct 2015 02:14 AM IST
ब्यूरो, अमर उजाला ब्यूरो
ब्यूरो, अमर उजाला ब्यूरो Updated Wed, 28 Oct 2015 02:14 AM IST
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शाहगंज के रहने वाले प्रेम सिंह ने पाई पाई जोड़क र अपनी बेटी की शादी के लिए दो लाख रुपये बैंक में जमा किए थे। शादी तय भी कर दी, लेकिन ठग उनके खाते से सारी रकम उड़ा ले गए। उन्हें एटीएम बूथ में धक्का देकर धोखे से उनका कार्ड बदल दिया और फिर सारा कैश निकाल लिया। साइबर सेल ने ठगी करने वाले दोनों युवकों के फोटो एक शोरूम की सीसीटीवी फुटेज से ले लिए हैं।
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ठगों ने एटीएम कार्ड हाथ लगने के बाद फतेहाबाद रोड स्थित एक शो रूम से ओवन खरीदा। इसके अलावा बाकी सारी रकम एटीएम से निकाली। प्रेम सिंह ने बताया कि  वह एक  प्राइवेट कंपनी में काम करते हैं। एक  अक्तूबर को वह एटीएम से सैलरी निकालने संजय प्लेस गए थे। वहां दो युवक खड़े थे। उन्होंने धक्का दिया तो उनका कार्ड गिर गया। इसके बाद एक युवक ने उन्हें उठाकर कार्ड दिया। उन्हें पता नहीं चला कि इतनी देर में कार्ड बदल दिया गया है।
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उनका कार्ड बैंक ऑफ बड़ौदा का था। ठगों ने इसी बैंक का दूसरा कार्ड दिया। इसके बाद आठ दिनों तक उनके एकाउंट से पैसा निकालते रहे। उन्हें आठ तारीख को पता चला। इसकेबाद पहले बैंक गए। फिर साइबर सेल में शिकायत की। उन्होंने बताया कि पैसा न होने के चलते बेटी की शादी टालनी पड़ सकती है।
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बीमा पॉलिसी भुगतान के नाम पर 4.38 लाख ठगे
आगरा। बीमा पॉलिसी के 15 लाख रुपये का भुगतान दिलाने के नाम पर बिचपुरी स्थित इंजीनियरिंग कालेज के सहायक प्राध्यापक शिव कुमार प्रसाद के साथ 4.38 लाख रुपये की ठगी कर ली गई। कोर्ट के आदेश पर थाना जगदीशपुरा में मुकदमा दर्ज किया गया है।

इंजीनियरिंग कालोनी निवासी शिवकुमार प्रसाद ने कोर्ट में प्रार्थना पत्र प्रस्तुत कर कहा कि उन्होंने एक बीमा कंपनी की तीन पॉलिसी एम्पावर पेंशन योजना के तहत सन 2013 में कराईं थीं। मार्च 2015 में उनके पास दिल्ली से एक व्यक्ति का फोन आया। खुद को कंपनी का व्यक्ति बताते हुए कहा, तुम्हें पॉलिसियों के भुगतान में 15 लाख रुपये दिलवा देंगे। शिव कुमार ने उसकी बात मान ली। उसने विभिन्न खर्च के नाम पर विभिन्न खातों में तकरीबन 4.38 लाख रुपये जमा कराने के बाद मोबाइल बंद कर लिया। बीमा कंपनी में पता करने पर उक्त नाम का कोई व्यक्ति नहीं मिला। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज नहीं की तो वे कोर्ट गए। वहां से जारी आदेश पर इंश्योरेंस कंपनी के कर्मचारी विनीत पाठक सहित सात आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया।
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