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वृद्धा के परिजनों के लिए भगवान बना चिकित्सक
Updated Tue, 27 Mar 2018 10:51 PM IST
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मैनपुरी। जिला अस्पताल में मंगलवार को गंभीर हालत में भर्ती कराई गई एक वृद्धा की सांसें थम गईं तो परिजन रोने-बिलखने लगे। इस बीच ड्यूटी पर तैनात चिकित्सक आए और (सीपीआर) के जरिए एक बार फिर से वृद्धा की सांसें लौटा दीं। इससे परिजनों के चेहरे पर मुस्कान आ गई।
मंगलवार को गोपाल नगर निवासी 65 वर्षीय वृद्धा लज्जादेवी को सांस की बीमारी के चलते गंभीर हालत में जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। ड्यूटी पर तैनात चिकित्सक जेजे राम ने महिला को देखने के बाद उपचार शुरू कर दिया। दो बजे उनकी शिफ्ट चेंज हो गई तो वह जाने ही वाले थे। तभी वृद्धा की हालत एक बार फिर से बिगड़ गई। नब्ज गिरने लगी और एकाएक सांसे थम गईं।
परिजन यह सब देखकर सहम गए। वहीं घर की महिलाएं रोने बिलखने लगीं। कई इंजेक्शन लगाने के साथ ही सीपीआर के जरिए वृद्धा की नब्ज वापस लाने का प्रयास किया। इस बीच वृद्धा ने सांस ली तो चिकित्सक व परिजनों ने राहत की सांस ली। नब्ज वापस आने के बाद चिकित्सक ने तुरंत ही सैफई ले जाने की सलाह दी।
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मंगलवार को गोपाल नगर निवासी 65 वर्षीय वृद्धा लज्जादेवी को सांस की बीमारी के चलते गंभीर हालत में जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। ड्यूटी पर तैनात चिकित्सक जेजे राम ने महिला को देखने के बाद उपचार शुरू कर दिया। दो बजे उनकी शिफ्ट चेंज हो गई तो वह जाने ही वाले थे। तभी वृद्धा की हालत एक बार फिर से बिगड़ गई। नब्ज गिरने लगी और एकाएक सांसे थम गईं।
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परिजन यह सब देखकर सहम गए। वहीं घर की महिलाएं रोने बिलखने लगीं। कई इंजेक्शन लगाने के साथ ही सीपीआर के जरिए वृद्धा की नब्ज वापस लाने का प्रयास किया। इस बीच वृद्धा ने सांस ली तो चिकित्सक व परिजनों ने राहत की सांस ली। नब्ज वापस आने के बाद चिकित्सक ने तुरंत ही सैफई ले जाने की सलाह दी।
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