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Agra: एडीए ने जिस अवैध कॉलोनी को किया था ध्वस्त, वहां फिर शुरू हुए निर्माण
Fri, 21 Jun 2024 11:37 AM IST
धीरेन्द्र सिंह
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
Published by: धीरेन्द्र सिंह
Updated Fri, 21 Jun 2024 11:37 AM IST
सार
जलेसर रोड पर 15 हजार वर्ग मीटर में निर्माणधीन अवैध कॉलोनी को दोबारा ध्वस्त किया गया। यहां पूर्व में भी कार्रवाई हो चुकी है। इसके बाद फिर से यहां निर्माण कार्य शुरू कर दिया गया था।
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- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
आगरा विकास प्राधिकरण (एडीए) का बुलडोजर अवैध कॉलोनियों पर अंकुश नहीं लगा पा रहा। ध्वस्तीकरण के बाद फिर से अवैध कॉलोनी में निर्माण शुरू हो गए। जलेसर रोड पर बृहस्पतिवार को 15 हजार वर्ग मीटर में निर्माणाधीन अवैध कॉलोनी में नाली, सड़क, प्लॉट दोबारा ध्वस्त कर दिए गए।
2021 से 2024 तक 241 अवैध कॉलोनियां चिह्नित की गई थी। 213 के विरुद्ध ध्वस्तीकरण के आदेश हुए। जिनमें 144 कॉलोनियां ही ध्वस्त हो सकी। जलेसर रोड स्थित मौजा नादऊ में राकेश बघेल ने 15 हजार वर्ग मीटर में अवैध कॉलोनी बनाई। शिकायत के बाद बृहस्पतिवार को प्रवर्तन दल ने इसे ध्वस्त किया। छह माह पूर्व भी ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की गई थी।
अवैध कॉलोनियों के ध्वस्तीकरण में फर्जीवाड़ा के आरोप एडीए अधिकारियों व प्रवर्तन दल पर लगते रहे हैं। मंडलायुक्त रितु माहेश्वरी ने समीक्षा बैठक में प्रवर्तन अधिकारियों को चेतावनी व प्रतिकूल प्रवृष्टि जारी कर लापरवाही पर निलंबन की बात कही थी। फिर भी छत्ता, लोहामंडी वार्ड में अवैध निर्माण व कॉलोनियों पर अंकुश नहीं लग पा रहा। एडीए सचिव श्रृद्धा शांडिल्य का कहना है कि ध्वस्त की गई कॉलोनियों का सर्वे कराया जा रहा है।
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2021 से 2024 तक 241 अवैध कॉलोनियां चिह्नित की गई थी। 213 के विरुद्ध ध्वस्तीकरण के आदेश हुए। जिनमें 144 कॉलोनियां ही ध्वस्त हो सकी। जलेसर रोड स्थित मौजा नादऊ में राकेश बघेल ने 15 हजार वर्ग मीटर में अवैध कॉलोनी बनाई। शिकायत के बाद बृहस्पतिवार को प्रवर्तन दल ने इसे ध्वस्त किया। छह माह पूर्व भी ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की गई थी।
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अवैध कॉलोनियों के ध्वस्तीकरण में फर्जीवाड़ा के आरोप एडीए अधिकारियों व प्रवर्तन दल पर लगते रहे हैं। मंडलायुक्त रितु माहेश्वरी ने समीक्षा बैठक में प्रवर्तन अधिकारियों को चेतावनी व प्रतिकूल प्रवृष्टि जारी कर लापरवाही पर निलंबन की बात कही थी। फिर भी छत्ता, लोहामंडी वार्ड में अवैध निर्माण व कॉलोनियों पर अंकुश नहीं लग पा रहा। एडीए सचिव श्रृद्धा शांडिल्य का कहना है कि ध्वस्त की गई कॉलोनियों का सर्वे कराया जा रहा है।
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