{"_id":"5e4d78718ebc3ef2dc6b4f93","slug":"civic-mainpuri-news-agr430289529","type":"story","status":"publish","title_hn":"वृद्धाश्रम में ऐसा क्या था कि अधिकारियों को करनी पड़ी जांच","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
वृद्धाश्रम में ऐसा क्या था कि अधिकारियों को करनी पड़ी जांच
विज्ञापन
19एमएनपी-26-वृद्धाश्रम में जांच करते मुख्य विकास अधिकारी नगेंद्र शर्मा व अन्य
- फोटो : MAINPURI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मैनपुरी। मुख्य विकास अधिकारी के नेतृत्व में गठित चार सदस्यीय समिति बुधवार को वृद्धाश्रम में जांच करने पहुंची। टीम ने जांच कर रिपोर्ट जिलाधिकारी को सौंप दी है।
जेल रोड पर समाज कल्याण विभाग द्वारा वित्तपोषित वृद्धाश्रम का संचालन किया जा रहा है। संचालन की जिम्मेदारी आदर्श भगवती सेवा संस्थान को दी गई है। बीते माह जिलाधिकारी महेंद्र बहादुर सिंह के निरीक्षण में कमियां मिली थीं। उन्होंने विस्तृत जांच के लिए सीडीओ की अध्यक्षता में चार सदस्यीय समिति गठित की थी। इसमें सीडीओ नगेंद्र शर्मा, जिला विकास अधिकारी पीके राय, समाज कल्याण अधिकारी डॉ. इंद्रा सिंह और पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी यश कुमार वर्मा को शामिल किया गया था। बुधवार की सुबह समिति ने वृद्धाश्रम पहुंचकर जांच की। जांच में टीम ने वृद्धों के रहने की व्यवस्था, भोजन व अन्य व्यवस्थाएं देखीं। पूर्व में निरीक्षण के दौरान खुले में वृद्धों को भोजन कराने, महिला व पुरुषों के लिए अलग-अलग रहने की व्यवस्था न करने समेत अन्य कई कमियां मिली थीं। जांच के दौरान इन कमियों में सुधार मिला। जांच रिपोर्ट जिलाधिकारी को सौंप दी है।
शौचालयों की संख्या बढ़ाने के निर्देश
सीडीओ नगेंद्र शर्मा को जांच के दौरान वृद्धाश्रम में तीन शौचालय बने मिले। वृद्धों की संख्या को देखते हुए शौचालयों की संख्या कम थी। इस पर संचालक कमलेश कुमार को नए शौचालयों का निर्माण कराने के निर्देश दिए गए। साथ ही भोजना में गुणवत्ता बनाए रखने के लिए कहा गया।
विज्ञापन
विज्ञापन
जेल रोड पर समाज कल्याण विभाग द्वारा वित्तपोषित वृद्धाश्रम का संचालन किया जा रहा है। संचालन की जिम्मेदारी आदर्श भगवती सेवा संस्थान को दी गई है। बीते माह जिलाधिकारी महेंद्र बहादुर सिंह के निरीक्षण में कमियां मिली थीं। उन्होंने विस्तृत जांच के लिए सीडीओ की अध्यक्षता में चार सदस्यीय समिति गठित की थी। इसमें सीडीओ नगेंद्र शर्मा, जिला विकास अधिकारी पीके राय, समाज कल्याण अधिकारी डॉ. इंद्रा सिंह और पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी यश कुमार वर्मा को शामिल किया गया था। बुधवार की सुबह समिति ने वृद्धाश्रम पहुंचकर जांच की। जांच में टीम ने वृद्धों के रहने की व्यवस्था, भोजन व अन्य व्यवस्थाएं देखीं। पूर्व में निरीक्षण के दौरान खुले में वृद्धों को भोजन कराने, महिला व पुरुषों के लिए अलग-अलग रहने की व्यवस्था न करने समेत अन्य कई कमियां मिली थीं। जांच के दौरान इन कमियों में सुधार मिला। जांच रिपोर्ट जिलाधिकारी को सौंप दी है।
विज्ञापन
शौचालयों की संख्या बढ़ाने के निर्देश
सीडीओ नगेंद्र शर्मा को जांच के दौरान वृद्धाश्रम में तीन शौचालय बने मिले। वृद्धों की संख्या को देखते हुए शौचालयों की संख्या कम थी। इस पर संचालक कमलेश कुमार को नए शौचालयों का निर्माण कराने के निर्देश दिए गए। साथ ही भोजना में गुणवत्ता बनाए रखने के लिए कहा गया।
विज्ञापन