{"_id":"66af60cf022f1e51500c8bdf","slug":"chest-pain-sweating-restlessness-all-symptoms-of-sudden-cardiac-arrest-and-heart-attack-checked-immediately-2024-08-04","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"UP News: आपमें भी हैं ये लक्षण... तो तुरंत कराएं हार्ट की जांच, वरना जा सकती जान; नोट कर लें डॉक्टर की सलाह","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
UP News: आपमें भी हैं ये लक्षण... तो तुरंत कराएं हार्ट की जांच, वरना जा सकती जान; नोट कर लें डॉक्टर की सलाह
Sun, 04 Aug 2024 04:37 PM IST
भूपेन्द्र सिंह
अमर उजाला नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला नेटवर्क, आगरा
Published by: भूपेन्द्र सिंह
Updated Sun, 04 Aug 2024 04:37 PM IST
सार
सीने में दर्द, पसीना-बेचैनी ये सब सडन कार्डियक अरेस्ट और हार्ट अटैक के लक्षण हैं। लापरवाही से जान को खतरा हो सकता है। डॉक्टर बोले- तनाव और खराब फिटनेस सबसे बड़ा कारण है। हृदय रोगी लगातार बढ़ रहे हैं।
विज्ञापन
Heart
- फोटो : istock
विस्तार
यूपी के मथुरा से इंदौर बस लेकर जा रहे चालक की बृहस्पतिवार को सडन कार्डियक अरेस्ट से जान चली गई। गनीमत रही कि समय रहते उसने बस किनारे खड़ी कर दी। इससे सवारी सुरक्षित रहीं। चिकित्सक बताते हैं कि सीने में दर्द, पसीना आना-बेचैनी होने पर हृदय की जांच में कतई देरी न करें। 40-55 की उम्र में कार्डियक अरेस्ट और हार्ट अटैक का खतरा दोगुना है।
विज्ञापन
आगरा के एसएन मेडिकल कॉलेज के हृदय रोग विभाग के डॉ. बसंत गुप्ता ने बताया कि ओपीडी में रोजाना 60-80 हृदय रोगी आ रहे हैं। इसमें 40 फीसदी मरीज ऐसे हैं, जो हृदय रोग के लक्षणों को नजरअंदाज करते रहे। जांच में ये हृदय रोगी मिले। 8-10 फीसदी के तो नस में ब्लॉकेज मिले। इनकी फिटनेस खराब थी। नौकरी-भविष्य और निजी समस्याओं के चलते लंबे समय से तनाव भी झेल रहे थे। मिलावटी सामान से भी हृदय रोगी तेजी से बढ़ रहे हैं।
विज्ञापन
वरिष्ठ हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. राजकुमार गुप्ता ने बताया कि 30-35 साल की उम्र से हृदय रोग की बीमारियां मिल रही हैं। इसमें कामकाजी लोग अधिक हैं। इनका खानपान ही नहीं दिनचर्या भी बिगड़ी हुई मिली। 80 फीसदी का रात में सोने का समय 11.30 से 12.30 बजे तक रहा।
खानपान में फास्ट फूड अधिक लेते थे। स्मोकिंग-एल्कोहल का भी शौक था। इनमें 15 फीसदी में मधुमेह, उच्च रक्तचाप की भी परेशानी मिली। हृदय की बीमारियों की शुरूआत में ही इसके लक्षण नजर आने लगते हैं, लेकिन लोग गंभीर नहीं होते।
डॉक्टर की ये है सलाह:
- एक बार में 6-8 घंटे की नींद लें। जल्दी सोने की आदत डालें।
- धूम्रपान, एल्कोहल, फास्ट-जंक फूड, बाजार के भोजन से बचें।
- हरी तरकारी, फल, दाल, चपाती और सलाद की आदत डालें।
- रोजाना 45 मिनट तक तेजी से पैदल चलें। नियमित योग करें।
- 30-35 की उम्र के बाद हृदय की सामान्य जांच करवा लें।
- भोजन में मोटा अनाज उपयोग करें, सुबह नाश्ता जरूर करें।