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ऑन लाइन नोटिस से व्यापारी परेशान
अमर उजाला ब्यूरो आगरा।
Updated Thu, 02 Mar 2017 11:30 PM IST
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आयकर विभाग
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नोटबंदी के दौरान आठ नवंबर से 31 दिसंबर के बीच बैंक में जमा पुराने नोटों पर व्यापारियों, उद्यमियों के पास नोटिस आ रहे हैं। आयकर विभाग ने पहले एक करोड़, फिर 50 लाख, 10 लाख और अब पांच लाख रुपये से ज्यादा रकम जमा कराने पर खाताधारकों को नोटिस भेजना शुरू किया है। ताजनगरी के व्यापारियों पर आन लाइन नोटिस पहुंच रहे हैं, जिनका जवाब देने के लिए चार्टर्ड एकाउंटेंट और टैक्स एडवोकेट की मदद ली जा रही है।
ई-फाइलिंग पोर्टल पर ऑन लाइन नोटिस मिलने पर नेशनल चेंबर ने सवाल उठाए हैं। नेशनल चेंबर आफ इंडस्ट्रीज एंड कामर्स ने नोटिसों की विधिक मान्यता पर सवाल उठाए हैं। चेंबर ने आरटीआई दाखिल करते हुए आयकर विभाग से पूछा है कि आखिर आयकर नियमों की किन धाराओं के तहत नोटिस भेजे जा रहे हैं। इनका जवाब स्थानीय आयकर विभाग नहीं दे पा रहा है। वहीं इन नोटिसों से व्यापारी परेशान हैं और जवाब देने के लिए विशेषज्ञों की सेवाएं ले रहे हैं। दस दिन में ऑन लाइन नोटिस का जवाब देना जरूरी किया गया है।
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ई-फाइलिंग पोर्टल पर ऑन लाइन नोटिस मिलने पर नेशनल चेंबर ने सवाल उठाए हैं। नेशनल चेंबर आफ इंडस्ट्रीज एंड कामर्स ने नोटिसों की विधिक मान्यता पर सवाल उठाए हैं। चेंबर ने आरटीआई दाखिल करते हुए आयकर विभाग से पूछा है कि आखिर आयकर नियमों की किन धाराओं के तहत नोटिस भेजे जा रहे हैं। इनका जवाब स्थानीय आयकर विभाग नहीं दे पा रहा है। वहीं इन नोटिसों से व्यापारी परेशान हैं और जवाब देने के लिए विशेषज्ञों की सेवाएं ले रहे हैं। दस दिन में ऑन लाइन नोटिस का जवाब देना जरूरी किया गया है।
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