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AI से अपराधियों की पहचान: आगरा पुलिस का 'यक्ष एप' होगा और हाईटेक, चेहरा और आवाज से मिलेगी जानकारी
Thu, 26 Feb 2026 09:51 AM IST
धीरेन्द्र सिंह
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
Published by: धीरेन्द्र सिंह
Updated Thu, 26 Feb 2026 09:51 AM IST
सार
आगरा पुलिस अपराधियों की पहचान के लिए यक्ष एप में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, फेसियल रिकॉग्निशन और वॉइस सर्च तकनीक का उपयोग करेगी। इससे हिस्ट्रीशीटरों की निगरानी, सत्यापन और अपराधियों की गिरफ्तारी में तेजी लाई जाएगी।
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पुलिस आयुक्त दीपक कुमार
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
यक्ष एप में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का प्रयोग किया गया है। इसलिए इसमें अपराधियों का डाटा फीड किया जाए। वॉयस सैंपल लिया जाए। चेहरे का फोटो भी लें। इसकी मदद से कहीं भी अपराध करने वाले अपराधियों का फोटो प्राप्त कर पकड़ने में आसानी होगी। आपराधिक इतिहास भी आसानी से मिल जाएगा। यह बात मंगलवार को पुलिस आयुक्त ने पुलिस लाइन में आयोजित बैठक में अधीनस्थ अधिकारियों और कर्मचारियों से कही।
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पुलिस आयुक्त दीपक कुमार ने कहा कि आगरा पुलिस को तकनीकी रूप से मजबूत होना चाहिए। इसके लिए यक्ष एप का प्रयोग किया जाए। अपने-अपने क्षेत्र के हिस्ट्रीशीटरों और टॉप-10 अपराधियों पर कार्रवाई करें। यदि कोई अपराधी अपना निवास स्थान बदलता है तो ऐप के माध्यम से तत्काल संबंधित बीट कर्मचारी को अलर्ट भेजकर सत्यापन कराया जाए। लाइसेंसी शस्त्रों एवं कारतूसों का मौके पर जाकर भौतिक सत्यापन एप के माध्यम से किया जाए। यक्ष एप में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का प्रयोग कर सकते हैं।
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इसमें आई पावर्ड फैसियल रिकॉग्निशन और वॉइस सर्च तकनीक विकल्प को चुन सकते हैं। सत्यापन कार्य में प्रत्येक सिपाही की जवाबदेही तय होगी। क्षेत्र में हो रही अवैध शराब, जुआ या तस्करी जैसी गतिविधियों की गोपनीय टिप्पणी तत्काल एप पर दर्ज करें, जिससे प्रभावी कार्रवाई की जा सके।