पुलिस का कारनामा: मोबाइल लूट का मुकदमा लिखने में लग गए 25 दिन, पीड़ित को थाने से टरकाती रही पुलिस
पीड़ित का कहना है कि शुक्रवार को पुलिस ने थाने बुलाया। एक मोबाइल दिखाया। यह मोबाइल पूर्व लूटा गया उनका ही था। इसके बाद तहरीर लेकर मुकदमा दर्ज कर लिया। 25 दिन बाद मुकदमा दर्ज करने से पुलिस की कार्रवाई पर सवाल खड़े हो गए हैं। एसपी सिटी ने जांच की बात कही है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
आगरा में थाना एत्माद्दौला के रॉयल कट चौराहा पर एक छात्र से बाइकर्स गैंग ने 26 मई को मोबाइल लूट लिया था। पुलिस ने तब मुकदमा दर्ज नहीं किया। पीड़ित का कहना है कि शुक्रवार को पुलिस ने थाने बुलाया। एक मोबाइल दिखाया। यह मोबाइल पूर्व लूटा गया उनका ही था। इसके बाद तहरीर लेकर मुकदमा दर्ज कर लिया। 25 दिन बाद मुकदमा दर्ज करने से पुलिस की कार्रवाई पर सवाल खड़े हो गए हैं। एसपी सिटी ने जांच की बात कही है।
इंद्रा नगर कॉलोनी, एत्माद्दौला निवासी अभिलाष सिंह पूर्व फौजी हैं। उन्होंने बताया कि बेटा बंशदीप बघेल कक्षा 12 का छात्र है। 26 मई को शाम आठ बजे वह दवा लेकर घर आ रहा था। वह रॉयल चौराहे के पास से निकल रहा था। तभी एक कॉल आने पर मोबाइल पर बात करने लगा। तभी सर्विस रोड पर पीछे से बाइक पर दो बदमाश आए। वो मोबाइल छीन ले गए। बंशदीप ने पीछा भी किया, लेकिन बदमाश हाथ नहीं आ सके। अभिलाष सिंह का कहना है कि उन्होंने पुलिस चौकी पर सूचना दे दी। पुलिस ने उन्हें जांच का आश्वासन देकर घर भेज दिया।
अभिलाष सिंह का कहना है कि शुक्रवार को पुलिस ने उनको थाने बुलाया। एक मोबाइल दिखाया। वह उनका मोबाइल था। बाद में तहरीर लेकर लूट का मुकदमा दर्ज कर लिया। एसपी सिटी बोत्रे रोहन प्रमोद का कहना है कि मामले में लूट का मुकदमा देर से लिखने के बारे में थाना प्रभारी निरीक्षक से जानकारी ली जाएगी।
ये भी पढ़ें: फादर्स डे: वे नहीं हैं पर उनका हौसला साथ है...अपनों की यादों से जीवन में आगे बढ़ने हिम्मत ले रहे लोग, पढ़िए इनकी कहानी
कासगंज में अलर्ट: गंगा में आ सकता है उफान, हरिद्वार से छोड़ा गया 3.87 लाख क्यूसेक पानी