साजिश के तहत किया गया था जोंस मिल में धमाका, भाजपा नेता के पिता सहित दो हिरासत में
- पुलिस ने अपनी ओर से दर्ज किया केस, सीसीटीवी कैमरे के फुटेज में दिखे छह संदिग्ध
- धमाके में 10 से 15 किलो बारूद से बने देसी बम का प्रयोग होने का आशंका
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आगरा के जीवनी मंडी स्थित 116 साल पुरानी जोंस मिल परिसर में हुए धमाके के मामले में पुलिस ने सोमवार को अपनी ओर से मुकदमा दर्ज किया है। जांच के बाद पुलिस ने रज्जो जैन और उनकी फर्म के एक कर्मचारी को हिरासत में लिया। दोनों से पूछताछ की जा रही है। रज्जो जैन के बेटे भाजपा के पदाधिकारी हैं।
एसपी सिटी बोत्रे रोहन प्रमोद ने बताया कि प्रारंभिक जांच में धमाके के पीछे साजिश की बात सामने आई है। नौकर ने बोरा रखने की बात कबूल की है। मालिक ने इनकार किया है। हालांकि उनका सोढ़ी ट्रांसपोर्ट के मालिक से गोदाम खाली कराने का विवाद सामने आया है।
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जीवनी मंडी क्षेत्र में जोंस मिल परिसर में विजय नगर निवासी कुलवीर सिंह की सोढ़ी ट्रांसपोर्ट कंपनी का गोदाम है। इसके पीछे रविवार शाम को धमाका हुआ था। इस धमाके में गोदाम की दीवार और छत उड़ गई थी। आसपास के गोदाम में भी नुकसान हुआ।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बबलू कुमार ने इस घटना की जांच के लिए एसपी सिटी बोत्रे रोहन प्रमोद को लगाया। धमाके के बाद विस्फोटक की गंध आ रही थी। मामले में थाना छत्ता पुलिस ने अपनी ओर से विस्फोटक अधिनियम और धारा 436 में मुकदमा दर्ज कराया।
पुलिस की जांच में पता चला कि सोढ़ी ट्रांसपोर्ट के मालिक कुलवीर सिंह और पथवारी निवासी एक युवक के बीच विवाद चल रहा है। युवक ने जमीन किसी बिल्डर को बेची है। वह सोढ़ी ट्रांसपोर्ट से गोदाम खाली करने के लिए कह रहे थे। दोनों के बीच समझौता भी हो गया था। मगर, गोदाम खाली नहीं कराया जा सका था।
...और पांच मिनट बाद हो गया धमाका
एसपी सिटी बोत्रे रोहन प्रमोद कुमार ने बताया कि एक सीसीटीवी कैमरे में छह-सात लोग नजर आए थे। उनके हाथ में वजनदार बोरा है। यह लोग रज्जो जैन के ऑफिस से निकलकर सोढ़ी ट्रांसपोर्ट के गोदाम की दीवार के पीछे की तरफ आए। वो कुछ देर बाद वापस आ गए। उनके जाते ही पांच मिनट में धमाका हो गया।
कैमरों के फुटेज आसपास के लोगों को दिखाए। ये हिरासत में लिए गए युवक के कर्मचारी हैं। इसमें उनका नौकर और चालक नजर आ रहा था। पुलिस ने नौकर लंगुरिया को पकड़ लिया। प्रारंभिक पूछताछ में उसने बोरा लेकर जाने की बात कबूल की। कहा कि बैग में विस्फोटक की जानकारी नहीं थी। इस पर पुलिस ने रज्जो जैन को भी हिरासत में ले लिया। एसपी सिटी का कहना है कि प्रारंभिक पूछताछ में रज्जो जैन का नाम सामने आ रहा है।
रज्जो जैन ने कहा, घटना से कोई संबंध नहीं
10 से 15 किलो देसी बम के बारूद का प्रयोग
घटनास्थल पर जांच के लिए दोबारा से विधि विज्ञान प्रयोगशाला की टीम को बुलाया गया था। छत्ता पुलिस को आशंका है कि धमाका करने के लिए दस से 15 किलोग्राम विस्फोटक होगा। धमाके में देसी बम बनाने के बारूद का इस्तेमाल किए जाने की आशंका है। धमाका किस तरीके से कराया गया है? यह भी जांच का विषय है। यह सीसीटीवी फुटेज में आए सभी लोगों के पकड़े जाने के बाद ही पता चल सकेगा।
कई सवालों के जवाब मिलना बाकी
- विस्फोटक कहां से मिला?
- टाइमर का प्रयोग किया गया या नहीं?
- अगर, गोदाम खाली करने का ही विवाद है तो बात इतनी क्यों बढ़ गई?
नेताओं के भी आए फोन
रज्जो जैन के बेटे भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के स्थानीय पदाधिकारी हैं। उनके पकड़े जाने की जानकारी पर भाजपा नेताओं के भी फोन आने शुरू हो गए। मगर, पुलिस ने कहा कि सीसीटीवी फुटेज से सुराग मिला है। कर्मचारियों की संलिप्तता सामने आई है। पूछताछ के बाद स्थिति साफ हो जाएगी।