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गजब का हाल: एक ही पेपर में कर दिया फेल, आगरा विवि का ऐसा कारनामा...बीएचएमएस के विद्यार्थी धरने पर बैठे

Fri, 13 Dec 2024 03:42 PM IST
धीरेन्द्र सिंह अमर उजाला नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला नेटवर्क, आगरा Published by: धीरेन्द्र सिंह Updated Fri, 13 Dec 2024 03:42 PM IST
सार

 बैचलर ऑफ होम्योपैथिक मेडिसिन एंड सर्जरी (बीएचएमएस) के छात्रों ने पालीवाल पार्क स्थित कैंपस में धरना दिया। ये सभी छात्र कम्यूनिटी मेडिसिन के पेपर में फेल दिखाए गए हैं। 
 

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agra news 60 students of BHMS were failed in a single paper
बैचलर ऑफ होम्योपैथिक मेडिसिन एंड सर्जरी के छात्र - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

विस्तार

डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय के बैचलर ऑफ होम्योपैथिक मेडिसिन एंड सर्जरी (बीएचएमएस) के छात्रों ने बृहस्पतिवार को पालीवाल पार्क स्थित कैंपस में धरना दिया। ये सभी छात्र कम्यूनिटी मेडिसिन के पेपर में फेल दिखाए गए हैं। छात्रों का आरोप है कि पेपर जांचने वाले शिक्षक ने कई प्रश्नों को जांचा ही नहीं है। सही उत्तरों पर क्राॅस और क्वेश्चन मार्क लगाकर छोड़ दिया है। 20 अंक के प्रश्न में मात्र 2 और 3 तक नंबर दिए गए हैं। छात्रों ने कॉपियों का पुनर्मूल्यांकन कराने की मांग की।
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डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय से संबद्ध प्रदेश के 7 होम्योपैथिक मेडिकल कॉलेजों में पढ़ने वाले करीब 60 छात्र विश्वविद्यालय पहुंचे। इनका आरोप है कि विश्वविद्यालय प्रशासन की लापरवाही का खामियाजा उन्हें भुगतना पड़ रहा है। सभी पेपरों में 60 से अधिक अंक प्राप्त करने वाले छात्रों को कम्यूनिटी मेडिसिन में 10 से लेकर 40 अंक तक दिए गए हैं। आरटीआई में उन्होंने अपनी कॉपी निकलवाई है, सभी उत्तर सही हैं।
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अपनी समस्या के समाधान के लिए बीएचएमएस के लखनऊ, प्रयागराज, गोरखपुर, अयोध्या, गाजीपुर, आजमगढ़ और मुरादाबाद से आए छात्र सुबह 9 बजे ही विवि के पालीवाल पार्क परिसर पहुंच गए थे। सुरक्षाकर्मियों ने उन्हें विश्वविद्यालय में प्रवेश नहीं करने दिया। इसके बाद एनएसयूआई के प्रदेश महासचिव अंकुश गौतम ने प्रवेश दिलवाया। पहले कुलपति और फिर परीक्षा नियंत्रक कार्यालय के सामने छात्र धरने पर बैठे। शाम करीब 4 बजे परीक्षा नियंत्रक डॉ. ओम प्रकाश और चीफ प्रॉक्टर प्रो. मनुप्रताप सिंह विवि पहुंचे।
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परिणाम में गड़बड़ी का आरोप लगाते हुए इन छात्रों ने 2 दिसंबर को भी विश्वविद्यालय में धरना दिया था। तब छात्रों की मांग पर आरटीआई खोला गया था। अंकुश गौतम और गौरव शर्मा ने बताया कि तब परीक्षा नियंत्रक ने आश्वासन दिया था कि अगर मूल्यांकन में गड़बड़ी पाई गई तो वह कॉपियों का पुुनर्मूल्यांकन करवाएंगे लेकिन अब वह इसके लिए भी राजी नहीं हो रहे हैं। छात्रों ने ऐलान किया कि समस्या समाधान होने तक वह विवि में धरने पर बैठे रहेंगे।
बोले छात्र

समझ में नहीं आ रहा फेल क्यों किया
 बीएचएमएस 2019 बैच के अंतिम वर्ष के छात्र राजकुमार ने बताया कि सभी पेपर में 70 अंक मिले हैं और एक पेपर में हमें फेल कर दिया। हमारी कॉपियां हमारे हाथ में हैं। हर प्रश्न का कायदे से साफ राइटिंग में जवाब दिया है। समझ ही नहीं आ रहा कि आखिर परीक्षक ने फेल क्यों किया।

60 अंक मिलना चाहिए था
 सिद्ध प्रकाश ने कहा कि मैंने अपनी कॉपी अपने कॉलेज में प्रोफेसर को दिखाई, उनका स्पष्ट कहना है कि 60 से कम अंक इस कॉपी पर मिलने ही नहीं चाहिए। 20 नंबर के प्रश्न पर 2 अंक दिए हैं जबकि उत्तर में हेडिंग, चार्ट सब बनाए हैं।

क्या पहले से फेल करना तय किया था
 हरिशंकर ने कहा कि सभी पेपरों में फर्स्ट डिवीजन मार्क्स हैं। इस एक पेपर की वजह से साल और डिवीजन दोनों खराब हो रहा है। कॉपी देखकर ऐसा लग रहा है कि शिक्षक ने पहले से तय कर रखा था कि इनको फेल करना है। तभी तो सही को गलत कर दिया है।


जायज मांग विवि नहीं मान रहा
छात्र रिजवान शेख का कहना है कि 20 अंक के प्रश्न को अटेंप्ट करने के ही 2 अंक दिए जाते हैं, यहां पूरा उत्तर लिखने के बाद भी दो अंक दिए हैं। मात्र एक प्रश्न में 10 अंक दिए हैं। दूसरे में जीरो दे दिए हैं। हमारी जायज मांग को भी विवि नहीं मान रहा है।
 
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