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आगरा को कोरोना मुक्त बनाने की कवायद, प्रशासन ने बनाया मास्टर प्लान
Fri, 29 May 2020 12:01 AM IST
मुकेश कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
Published by: मुकेश कुमार
Updated Fri, 29 May 2020 12:01 AM IST
सार
- ताजनगरी को कोरोना संक्रमण मुक्त बनाने के लिए कवायद तेज
- अब हॉटस्पॉट के लोगों की हर 72 घंटे में होगी स्वास्थ्य जांच
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आगरा में कोरोना वायरस
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
आगरा के हॉटस्पॉट क्षेत्र में रहने वाले लोगों की अब हर 72 घंटे में एक बार स्वास्थ्य जांच होगी। यह प्रक्रिया 10 दिन में चार बार होगी। अफसर इसकी निगरानी करेंगे। संक्रमण की दर कम होने पर आगरा को कोरोना मुक्त बनाने के लिए यह मास्टर प्लान प्रशासन ने बनाया है। जैसे ही किसी में लक्षण दिखेगा, वैसे ही उसका सैंपल ले लिया जाएगा।
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अब रोज संक्रमित मरीज दस से कम आ रहे हैं। इनमें भी 80 फीसदी से ज्यादा हॉटस्पॉट से हैं। ऐसे में इनको भी नियंत्रित करने के लिए मास्टर प्लान बना है। अगर मरीज का जल्द पता चल जाए तो उपचार समय पर मिलेगा और वो ठीक भी जल्दी हो सकता है।
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स्वास्थ्य सर्वे के प्रभारी डॉ. संजीव बर्मन ने बताया कि शुरुआती जांच में कोरोना वायरस के लक्षण न होने पर मरीज चिह्नित नहीं हो पाता, ऐसे में शुरुआती तीन दिन और फिर सात दिन का चक्र पूरा होने के बाद स्वास्थ्य जांच करेंगे। यह प्लान लागू हो गया है।
जुकाम-खांसी, सांस लेने में परेशानी के लक्षण न होने पर भी अगर कोई संक्रमित है तो उसकी शुरू में ही पहचान होगी। ऐसे मरीज जल्द ठीक हो सकते हैं।
चिकित्सकों की टीम रहेगी तैनात
रोजाना की जांच के लिए 15 से 20 टीमें बनाई जाएंगी। इसमें एक चिकित्साधिकारी और टेक्नीशियन और नर्सिंग स्टाफ रहेगा। लोगों के नाम, उनके लक्षण की रिपोर्ट बनेगी। संदिग्ध का नाम सर्विलांस टीम को दिया जाएगा, जो उसको नमूना कराने के लिए ले जाएगी।
एक्टिव केस सिर्फ 70 रह गए
ऐसा इसलिए किया जा रहा है क्योंकि पुराने मरीज तेजी से ठीक हो रहे हैं, नए कम मिल रहे हैं। एक्टिव केस सिर्फ 70 रह गए हैं। ठीक होने की दर बढ़कर 87.85 हो गई है। अब तक 12,772 नमूने लिए जा चुके हैं।
चिकित्सकों की टीम रहेगी तैनात
रोजाना की जांच के लिए 15 से 20 टीमें बनाई जाएंगी। इसमें एक चिकित्साधिकारी और टेक्नीशियन और नर्सिंग स्टाफ रहेगा। लोगों के नाम, उनके लक्षण की रिपोर्ट बनेगी। संदिग्ध का नाम सर्विलांस टीम को दिया जाएगा, जो उसको नमूना कराने के लिए ले जाएगी।
एक्टिव केस सिर्फ 70 रह गए
ऐसा इसलिए किया जा रहा है क्योंकि पुराने मरीज तेजी से ठीक हो रहे हैं, नए कम मिल रहे हैं। एक्टिव केस सिर्फ 70 रह गए हैं। ठीक होने की दर बढ़कर 87.85 हो गई है। अब तक 12,772 नमूने लिए जा चुके हैं।