थाना पहुंचा फर्जी दरोगाः टेबल पर रखे 92 हजार रुपये, बोला-बुकी का नाम केस से हटाओ, पूछताछ में धरा गया
आगरा में एक फर्जी दरोगा पकड़ा गया है। यह थाने में एक वांछित बुकी की सिफारिश लेकर आया था। शक होने पर पूछताछ की गई और आई कार्ड चेक किया गया। इस पर वह पकड़ा गया।
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उत्तर प्रदेश के आगरा में मंगलवार को वांछित बुकी की सिफारिश में पहुंचा एक फर्जी दरोगा पकड़ा गया। उसने नाम निकालने और एक को छुड़ाने के लिए टेबल पर 92 हजार रुपये रख दिए। फर्जी आईकार्ड दिखाने पर दरोगा को शक हो गया। पूछताछ में उसकी पोल खुल गई। उसने कहा कि वह मोती कटरा के पार्षद प्रवीन पटेल के कहने पर थाने आया था। मामले में केस दर्ज किया गया।
मामला हरीपर्वत थाना का है। प्रभारी निरीक्षक अरविंद कुमार ने बताया कि सोमवार को पुलिस ने अज्जू लंगड़ा उर्फ अजय गोयल गैंग के तीन सट्टेबाजों को गिरफ्तार किया था। एक आरोपी राजकुमार नशे के पदार्थ के साथ पकड़ा गया था। अज्जू लंगड़ा केस में वांछित है। मंगलवार को एक युवक थाने आया। वह दरोगा निशामक त्यागी से मिला। उसने अपना नाम रफीक चौहान बताया। कहा कि वह भी दरोगा हैं। उन्हें एमएम गेट क्षेत्र के भाजपा पार्षद प्रवीन पटेल ने भेजा है।
उसने पुलिस का आईकार्ड दिखाया। मगर, उसमें पीएनओ नंबर नहीं था। उसने कहा आरोपी राजकुमार को छुड़ाना है। अज्जू लंगड़ा का नाम निकलवाना है। आईकार्ड देखने पर दरोगा को शक हो गया। आरोपी ने 92 हजार रुपये टेबल पर रखकर कहा कि ये एडवांस है।
पुलिस की पूछताछ में बोला असली नाम
पुलिस आयुक्त डॉ. प्रीतिंदर सिंह ने बताया कि थाने में दरोगा बनकर आए शख्स से पूछताछ की गई। उसका असली नाम उजैर खान है। साबुन कटरा, नाई की मंडी का निवासी है। वह पार्षद प्रवीन पटेल का परिचित है। उन्होंने ही भेजा था। धोखाधड़ी, कूटरचित दस्तावेज तैयार करने और भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया। आईकार्ड फर्जी था। आरोपी सट्टेबाजों के लिए दलाली करता है।
मुकदमे में शामिल किया पार्षद का नाम
पुलिस ने बताया कि केस में पार्षद प्रवीन पटेल का नाम भी शामिल किया है। पुलिस अब पार्षद के बारे में छानबीन कर रही है। आरोपी ने उनके बारे में कई जानकारी दी हैं। प्रवीन भाजपा से जुड़े हैं। जांच कर पुलिस कार्रवाई करेगी।
कार में पकड़े थे सट्टेबाज
पुलिस ने रविवार रात को गुरुद्वारा गुरु का ताल कट से कार में तीन लोगों को पकड़ा था। इनमें नगला पदी निवासी अजीत कुशवाहा, ट्रांस यमुना काॅलोनी निवासी कपिल अग्रवाल और उसके भाई अनूप अग्रवाल को गिरफ्तार किया था। वह कार में सट्टा लगाते थे। वह अज्जू लंगड़ा गैंग के सट्टेबाज थे। केस में अज्जू लंगड़ा का भी नाम खोला गया।
ग्वालियर में रह रहा अज्जू लंगड़ा
पुलिस ने बताया कि सोमवार को सुल्तानगंज पुलिया पर मेनका पैलेस, बल्केश्वर निवासी राजकुमार उर्फ राजा चौधरी को गिरफ्तार किया था। उससे 1.5 किलोग्राम नशे का पाउडर बरामद किया। वह भी अज्जू लंगड़ा का साथी है। अज्जू पूर्व में गैलाना स्थित गौरी कुंज में रहता था। वर्तमान में ग्वालियर में रह रहा है। राजकुमार उसका गाड़ी चालक है। वो नशे के पदार्थ के कारोबार के साथ प्रापर्टी का काम भी करता है। उसने ही दो किलो नशे का पदार्थ देकर आगरा भेजा था। इसमें से आधा किलोग्राम उसने रास्ते में बेच दिया था।