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कलक्ट्रेट का नाम जिला सचिवालय हो
Updated Thu, 21 Dec 2017 11:19 PM IST
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कलक्ट्रेट का भवन।
- फोटो : अमर उजाला
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मैनपुरी। उप्र मिनिस्ट्रीयल कलक्ट्रेट कर्मचारी संघ के सदस्यों ने गुरुवार को कार्य बहिष्कार करके तिकोनिया पार्क में धरना दिया। उनकी प्रमुख मांग है कलक्ट्रेट का नाम बदलकर जनपद सचिवालय किया जाए। प्रशासन में कर्मचारियों के रिक्त पदों को शीघ्र भरा जाए।
कलक्ट्रेट कर्मचारी संघ के सदस्य गुरुवार को कार्य बहिष्कार करके तिकोनिया पार्क में धरना दिया। संघ के अध्यक्ष वीरेश पाठक ने कहा कलक्ट्रेट का नाम बदलकर जिला सचिवालय किया जाए। लिपिक संवर्ग के कर्मचारियों को नायब तहसीलदार के 10 प्रतिशत पदों पर प्रोन्नति दी जाए।
कलक्ट्रेट मिनिस्ट्रीयल संवर्ग को राजस्व सेवा घोषित किया जाए। लेखा कार्य करने वाले लिपिकों को लेखा संवर्ग का वेतन दिया जाए। जिला मंत्री कौशल किशोर ने कहा समान कार्य का समान वेतन के आधार पर कलक्ट्रेट कर्मियों को भी सचिवालय कर्मियों के बराबर वेतन भत्ते दिए जाएं।
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उपार्जित अवकाश 300 संचित करने की बाध्यता को समाप्त की जाए। नवीन सीजनल सहायक वासिल वाकी नवीस की तैनाती पर लगे प्रतिबंध को तत्काल हटाया जाए। धरने के बाद संघ की ओर से मुख्यमंत्री को संबोधित 13 सूत्रीय मांगपत्र एडीएम न्यायिक को दिया गया। रोहित दुबे, हरेंद्र सिंह, शिवसिंह, जयदेव, अमित दुबे, प्रेमचंद्र, कालीचरन आदि मौजूद थे।
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कलक्ट्रेट कर्मचारी संघ के सदस्य गुरुवार को कार्य बहिष्कार करके तिकोनिया पार्क में धरना दिया। संघ के अध्यक्ष वीरेश पाठक ने कहा कलक्ट्रेट का नाम बदलकर जिला सचिवालय किया जाए। लिपिक संवर्ग के कर्मचारियों को नायब तहसीलदार के 10 प्रतिशत पदों पर प्रोन्नति दी जाए।
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कलक्ट्रेट मिनिस्ट्रीयल संवर्ग को राजस्व सेवा घोषित किया जाए। लेखा कार्य करने वाले लिपिकों को लेखा संवर्ग का वेतन दिया जाए। जिला मंत्री कौशल किशोर ने कहा समान कार्य का समान वेतन के आधार पर कलक्ट्रेट कर्मियों को भी सचिवालय कर्मियों के बराबर वेतन भत्ते दिए जाएं।
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उपार्जित अवकाश 300 संचित करने की बाध्यता को समाप्त की जाए। नवीन सीजनल सहायक वासिल वाकी नवीस की तैनाती पर लगे प्रतिबंध को तत्काल हटाया जाए। धरने के बाद संघ की ओर से मुख्यमंत्री को संबोधित 13 सूत्रीय मांगपत्र एडीएम न्यायिक को दिया गया। रोहित दुबे, हरेंद्र सिंह, शिवसिंह, जयदेव, अमित दुबे, प्रेमचंद्र, कालीचरन आदि मौजूद थे।