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डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय: प्रायोगिक परीक्षा के अंक नहीं भेजे तो कॉलेजों पर लगेगा 50 हजार जुर्माना
Mon, 07 Dec 2020 10:25 AM IST
Abhishek Saxena
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
Published by: Abhishek Saxena
Updated Mon, 07 Dec 2020 10:25 AM IST
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डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय
- फोटो : अमर उजाला
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प्रायोगिक परीक्षा के अंक न भेजने पर कॉलेजों पर 50-50 हजार रुपये जुर्माना लगाया जाएगा। विश्वविद्यालय ने अंक भेजने की अंतिम तारीख 10 दिसंबर निर्धारित की है। 200 कॉलेजों ने अभी तक प्रायोगिक परीक्षा के अंक नहीं भेजे हैं। इस कारण परीक्षा परिणाम और डिग्री बनाने का काम रुका हुआ है।
डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय से 1100 कॉलेज संबद्ध हैं। इनमें से करीब 450 कॉलेजों में प्रायोगिक विषय पढ़ाए जाते हैं। इनमें से 200 कॉलेजों ने 2019-20 सत्र की बीए, बीएससी, एमएससी, एमए समेत अन्य प्रायोगिक परीक्षा के अंक, परीक्षा की सीडी और उत्तर पुस्तिकाएं विश्वविद्यालय में जमा नहीं कराई हैं। इससे मार्कशीट की त्रुटियां, नंबर न आने से एमडब्ल्यू के छात्रों की मार्कशीट और परिणाम रुके हुए हैं।
डिग्री तैयार होने का कार्य भी प्रभावित हो चुका है। इन कॉलेजों को नोटिस के बाद रिमाइंडर भी दिए जा चुके हैं, लेकिन इन्होंने अभी तक विश्वविद्यालय में प्रायोगिक परीक्षा की जानकारी उपलब्ध नहीं कराई है। ऐसे में विवि प्रशासन ने अब अंतिम मौका दिया है, इसके बाद जुर्माना लगाने का निर्णय लिया है।
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डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय से 1100 कॉलेज संबद्ध हैं। इनमें से करीब 450 कॉलेजों में प्रायोगिक विषय पढ़ाए जाते हैं। इनमें से 200 कॉलेजों ने 2019-20 सत्र की बीए, बीएससी, एमएससी, एमए समेत अन्य प्रायोगिक परीक्षा के अंक, परीक्षा की सीडी और उत्तर पुस्तिकाएं विश्वविद्यालय में जमा नहीं कराई हैं। इससे मार्कशीट की त्रुटियां, नंबर न आने से एमडब्ल्यू के छात्रों की मार्कशीट और परिणाम रुके हुए हैं।
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डिग्री तैयार होने का कार्य भी प्रभावित हो चुका है। इन कॉलेजों को नोटिस के बाद रिमाइंडर भी दिए जा चुके हैं, लेकिन इन्होंने अभी तक विश्वविद्यालय में प्रायोगिक परीक्षा की जानकारी उपलब्ध नहीं कराई है। ऐसे में विवि प्रशासन ने अब अंतिम मौका दिया है, इसके बाद जुर्माना लगाने का निर्णय लिया है।
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परीक्षा केंद्र भी नहीं बनाए जाएंगे
प्रायोगिक परीक्षा के अंक न मिलने से परिणाम और मार्कशीट में देरी के अलावा छात्रों की पढ़ाई भी प्रभावित हो रही है। ऐसे में विश्वविद्यालय प्रशासन इन कॉलेजों पर जुर्माने के बाद परीक्षा केंद्र न बनाए जाने पर भी विचार कर रहा है। इससे अगले साल की परीक्षा में इनके नाम को बाहर रखा जाएगा।
संचालक नोटिस को कर रहे नजरअंदाज: परीक्षा नियंत्रक
परीक्षा नियंत्रक डॉ. राजीव कुमार ने बताया कि प्रायोगिक परीक्षा के अंक, सीडी और उत्तर पुस्तिकाओं को जमा कराने के लिए लगातार नोटिस और रिमाइंडर दिए गए, लेकिन कॉलेज संचालकों ने इसे गंभीरता से नहीं लिया। नोटिस के बाद भी 200 कॉलेजों ने प्रायोगिक परीक्षा का विवरण विवि में जमा नहीं कराया है। दस दिसंबर तक यह जानकारी उपलब्ध नहीं कराते हैं तो इन पर 50 हजार रुपये का जुर्माना लगेगा।
प्रायोगिक परीक्षा के अंक न मिलने से परिणाम और मार्कशीट में देरी के अलावा छात्रों की पढ़ाई भी प्रभावित हो रही है। ऐसे में विश्वविद्यालय प्रशासन इन कॉलेजों पर जुर्माने के बाद परीक्षा केंद्र न बनाए जाने पर भी विचार कर रहा है। इससे अगले साल की परीक्षा में इनके नाम को बाहर रखा जाएगा।
संचालक नोटिस को कर रहे नजरअंदाज: परीक्षा नियंत्रक
परीक्षा नियंत्रक डॉ. राजीव कुमार ने बताया कि प्रायोगिक परीक्षा के अंक, सीडी और उत्तर पुस्तिकाओं को जमा कराने के लिए लगातार नोटिस और रिमाइंडर दिए गए, लेकिन कॉलेज संचालकों ने इसे गंभीरता से नहीं लिया। नोटिस के बाद भी 200 कॉलेजों ने प्रायोगिक परीक्षा का विवरण विवि में जमा नहीं कराया है। दस दिसंबर तक यह जानकारी उपलब्ध नहीं कराते हैं तो इन पर 50 हजार रुपये का जुर्माना लगेगा।