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करोड़ों खर्च के बाद भी सर्वेक्षण में पिछड़ा एटा
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करोड़ों खर्च के बाद भी सर्वेक्षण में पिछड़ा एटा
- फोटो : अमर उजाला
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एटा। हर रोज एक लाख रुपये का खर्च, लंबीचौड़ी सफाई कर्मचारियों की फौज और निगरानी शून्य। हर जगह लगे गंदगी और कूड़े के ढेरों में एटा पिछड़ गया है। केंद्र सरकार की ओर से कराए गए स्वच्छता सर्वेक्षण 2019 में एटा नगर पालिका को 322वां स्थान मिला है। नगर पालिका ने 5000 में से महज 1676.81 नंबर पाए हैं। जबकि प्रदेश में 42वीं रैंक मिली है। इस रैकिंग को देखकर चौंकिए नहीं, इसके लिए हर कोई जिम्मेदार है। आइए जानते हैं सफाई व्यवस्था की हकीकत....
हर महीने खर्च होते हैं 30-35 लाख
नगर पालिका परिषद हर माह शहर को स्वच्छ बनाने के लिए 30-35 लाख रुपये खर्च करती है। इसके लिए शहर के 25 वार्डों में सफाई कर्मचारियों की बड़ी फौज काम करती है। इसके साथ ही उपकरणों पर हर महीने लाखों रुपये खर्च होते हैं। लेकिन इसके बाद भी सफाई व्यवस्था बदहाल है।
358 कर्मचारियों पर जिम्मा, मगर बेड़ा गर्क
नगर पालिका में 358 सफाई कर्मचारी हैं। इनमें 198 सफाई कर्मचारी नियमित और संविदा पर तैनात हैं। जबकि 160 सफाई कर्मचारी सेवा प्रदाता के तौर पर काम कर रहे हैं। अगर देखा जाए तो नियमित, संविदा कर्मचारी को प्रतिमाह औसतन 30 हजार और सेवा प्रदाता को 7400 रुपये वेतन के तौर पर मिलते हैं। प्रति वार्ड 12 कर्मचारियों की तैनाती की गई है। इसके साथ ही सफाई व्यवस्था की निगरानी के लिए 10 सफाई नायक और दो सफाई निरीक्षक तैनात हैं। जिनको प्रतिमाह हजारों रुपये वेतन मिलता है, लेकिन सफाई कार्य को लेकर संजीदगी नजर नहीं आती।
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मिल चुका है प्रदेश में तीसरा स्थान
नगर पालिका एटा को हाल ही में प्रदेश स्तर से स्वच्छता को लेकर तीसरा पुरस्कार मिला था, लेकिन केंद्र सरकार के स्वच्छता सर्वेक्षण ने प्रदेश सर्वेक्षण की पोल खोल दी है। वहीं पिछले साल 2018 में जिले को 395 और 2017 में 406वीं रैंक मिली थी। वहीं प्रदेश में जिले को 2019 में 42वीं, 2018 में 53वीं रैंक मिली थी।
अवागढ़ रहा अव्वल
जिले की स्थिति पर गौर करें तो अवागढ़ नगर पंचायत ने 1942.54 अंक पाकर 282वीं रैंक पाई है। जबकि अन्य नगर पालिका और पंचायतों का हाल बुरा है।
ये है जिले की नगर पालिका और पंचायतों की रैकिंग
नगर पालिका/पंचायत रैंक प्रदेश रैंक 2018 रैंक
एटा 322 42 395
अवागढ़ 282 167 329
जैथरा 378 223 630
अलीगंज 404 240 597
जलेसर 427 250 976
सकीट 714 433 963
निधौलीकलां 739 445 589
राजा का रामपुर 760 456 741
मारहरा 706 427 553
स्वच्छ सर्वेक्षण में देश में 317 वां स्थान
कासगंज। स्वच्छ सर्वेक्षण 2019 में शहर की सफाई व्यवस्था को गतवर्ष के मुकाबले बेहतर पाया गया है। 317वां स्थान स्वच्छ सर्वेक्षण में मिला है। सफाई व्यवस्था में सुधार पर नगरपालिका प्रशासन में खुशी है।
वर्ष 2018 के स्वच्छ सर्वेक्षण में कासगंज शहर 348वें स्थान पर था पिछले दिनों नगर में बेहतर सफाई व्यवस्था के इंतजाम किए गए। इसके बाद इस वर्ष के सर्वेक्षण में 317 वां स्थान मिला है। इससे नगरपालिका प्रशासन में खुशी है। ईओ कुल कमल सिंह यादव ने बताया कि अभी नगरपालिका के द्वारा और बेहतर सफाई व्यवस्था के लिए प्रयास किए जा रहे हैं।
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हर महीने खर्च होते हैं 30-35 लाख
नगर पालिका परिषद हर माह शहर को स्वच्छ बनाने के लिए 30-35 लाख रुपये खर्च करती है। इसके लिए शहर के 25 वार्डों में सफाई कर्मचारियों की बड़ी फौज काम करती है। इसके साथ ही उपकरणों पर हर महीने लाखों रुपये खर्च होते हैं। लेकिन इसके बाद भी सफाई व्यवस्था बदहाल है।
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358 कर्मचारियों पर जिम्मा, मगर बेड़ा गर्क
नगर पालिका में 358 सफाई कर्मचारी हैं। इनमें 198 सफाई कर्मचारी नियमित और संविदा पर तैनात हैं। जबकि 160 सफाई कर्मचारी सेवा प्रदाता के तौर पर काम कर रहे हैं। अगर देखा जाए तो नियमित, संविदा कर्मचारी को प्रतिमाह औसतन 30 हजार और सेवा प्रदाता को 7400 रुपये वेतन के तौर पर मिलते हैं। प्रति वार्ड 12 कर्मचारियों की तैनाती की गई है। इसके साथ ही सफाई व्यवस्था की निगरानी के लिए 10 सफाई नायक और दो सफाई निरीक्षक तैनात हैं। जिनको प्रतिमाह हजारों रुपये वेतन मिलता है, लेकिन सफाई कार्य को लेकर संजीदगी नजर नहीं आती।
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मिल चुका है प्रदेश में तीसरा स्थान
नगर पालिका एटा को हाल ही में प्रदेश स्तर से स्वच्छता को लेकर तीसरा पुरस्कार मिला था, लेकिन केंद्र सरकार के स्वच्छता सर्वेक्षण ने प्रदेश सर्वेक्षण की पोल खोल दी है। वहीं पिछले साल 2018 में जिले को 395 और 2017 में 406वीं रैंक मिली थी। वहीं प्रदेश में जिले को 2019 में 42वीं, 2018 में 53वीं रैंक मिली थी।
अवागढ़ रहा अव्वल
जिले की स्थिति पर गौर करें तो अवागढ़ नगर पंचायत ने 1942.54 अंक पाकर 282वीं रैंक पाई है। जबकि अन्य नगर पालिका और पंचायतों का हाल बुरा है।
ये है जिले की नगर पालिका और पंचायतों की रैकिंग
नगर पालिका/पंचायत रैंक प्रदेश रैंक 2018 रैंक
एटा 322 42 395
अवागढ़ 282 167 329
जैथरा 378 223 630
अलीगंज 404 240 597
जलेसर 427 250 976
सकीट 714 433 963
निधौलीकलां 739 445 589
राजा का रामपुर 760 456 741
मारहरा 706 427 553
स्वच्छ सर्वेक्षण में देश में 317 वां स्थान
कासगंज। स्वच्छ सर्वेक्षण 2019 में शहर की सफाई व्यवस्था को गतवर्ष के मुकाबले बेहतर पाया गया है। 317वां स्थान स्वच्छ सर्वेक्षण में मिला है। सफाई व्यवस्था में सुधार पर नगरपालिका प्रशासन में खुशी है।
वर्ष 2018 के स्वच्छ सर्वेक्षण में कासगंज शहर 348वें स्थान पर था पिछले दिनों नगर में बेहतर सफाई व्यवस्था के इंतजाम किए गए। इसके बाद इस वर्ष के सर्वेक्षण में 317 वां स्थान मिला है। इससे नगरपालिका प्रशासन में खुशी है। ईओ कुल कमल सिंह यादव ने बताया कि अभी नगरपालिका के द्वारा और बेहतर सफाई व्यवस्था के लिए प्रयास किए जा रहे हैं।