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अब डीआईओएस करेंगे वार्डन प्रकरण की जांच
Updated Mon, 25 Dec 2017 11:30 PM IST
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जांच
- फोटो : अमर उजाला
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कासगंज। सहावर की कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय की वार्डन प्रकरण में नया मोड़ आ गया है। विद्यालय की शिक्षिकाएं वार्डन के पक्ष में लामबंद हो गई है। शिक्षिकाओं ने डीसी पर धन मांगने का आरोप लगाया है। इसके बाद मामले की जांच जिला विद्यालय निरीक्षक को सौंपी गई है।
वार्डन सरिता शर्मा को वर्ष 2016 में सशर्त रिनुअल किया गया। रिनुअल करते समय यह स्पष्ट कर दिया गया कि यदि भविष्य में उनके खिलाफ किसी प्रकार की अनियमितता पाई जती है तो उनकी सेवाएं उसी दिन समाप्त कर दी जाएंगी। मगर वार्डन की कार्यशैली में कोई परिवर्तन नहीं आया। क्षेत्र के लोगों ने उनकी शिकायत जिला प्रशासन से की।
जिलाधिकारी ने मामले की जांच जिला समन्वयक जीएसरापूत को सौंपी। जिला समन्वयक ने जांच रिपोर्ट में वार्डन को महात्मा गांधी जयंती न मानने, अक्सर अनुपस्थित रहने, बालिकाओं को दूध के स्थान पर चाय देने, बालिकाओं की सुरक्षा को गंभीरता न दिखाने सहित कई अन्य मामलों में दोषी मानते हुए उनकी सेवाएं समाप्त करने की संस्तुति की फाइल जिलाधिकारी को सौंप दी।
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इधर इस मामले में उस समय नया मोड़ आ गया जब विद्यालय की शिक्षिकाओं ने डीसी पर धन मांगने का आरोप लगाते हुए जिलाधिकारी से शिकायत कर दी। इस पर जिलाधिकारी ने पूरे प्रकरण की नए सिरे से जांच कराने का निर्णय लिया है। मामले की जांच जिला विद्यालय निरीक्षक को सौंपी गई है। डीआईओएस आरएसएस राजपूत ने बताया कि क्षेत्र के लोग वार्डन की कार्यप्रणाली से संतुष्ट नहीं है। जल्द ही पूरे मामले की जांच रिपोर्ट तैयार करके डीएम को सौंपी जाएगी।
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वार्डन सरिता शर्मा को वर्ष 2016 में सशर्त रिनुअल किया गया। रिनुअल करते समय यह स्पष्ट कर दिया गया कि यदि भविष्य में उनके खिलाफ किसी प्रकार की अनियमितता पाई जती है तो उनकी सेवाएं उसी दिन समाप्त कर दी जाएंगी। मगर वार्डन की कार्यशैली में कोई परिवर्तन नहीं आया। क्षेत्र के लोगों ने उनकी शिकायत जिला प्रशासन से की।
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जिलाधिकारी ने मामले की जांच जिला समन्वयक जीएसरापूत को सौंपी। जिला समन्वयक ने जांच रिपोर्ट में वार्डन को महात्मा गांधी जयंती न मानने, अक्सर अनुपस्थित रहने, बालिकाओं को दूध के स्थान पर चाय देने, बालिकाओं की सुरक्षा को गंभीरता न दिखाने सहित कई अन्य मामलों में दोषी मानते हुए उनकी सेवाएं समाप्त करने की संस्तुति की फाइल जिलाधिकारी को सौंप दी।
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इधर इस मामले में उस समय नया मोड़ आ गया जब विद्यालय की शिक्षिकाओं ने डीसी पर धन मांगने का आरोप लगाते हुए जिलाधिकारी से शिकायत कर दी। इस पर जिलाधिकारी ने पूरे प्रकरण की नए सिरे से जांच कराने का निर्णय लिया है। मामले की जांच जिला विद्यालय निरीक्षक को सौंपी गई है। डीआईओएस आरएसएस राजपूत ने बताया कि क्षेत्र के लोग वार्डन की कार्यप्रणाली से संतुष्ट नहीं है। जल्द ही पूरे मामले की जांच रिपोर्ट तैयार करके डीएम को सौंपी जाएगी।