{"_id":"5a24414c4f1c1b6e468b8280","slug":"121512325452-agra-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"दक्षिणांचल के नौ जिले रेड जोन में","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दक्षिणांचल के नौ जिले रेड जोन में
Updated Mon, 04 Dec 2017 12:03 AM IST
विज्ञापन
electricity
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
फिरोजाबाद। योगी सरकार के वादे के मुताबिक जनता को बेहतर आपूर्ति मिल रही है, लेकिन विद्युत विभाग में तैनात अफसर राजस्व वसूली नहीं कर पा रहे। यही कारण है कि दक्षिणांचल के नौ जिलों के ं11 डिवीजन रेड जोन में आ गए हैं। यहां तैनात अफसरों पर शिकंजा कसा जा सकता है।
प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शहरी और ग्रामीण क्षेत्र के उपभोक्ताओं को आपूर्ति देने के लिए रोस्टर जारी कर दिया है। मुख्यालय पर 24 घंटे, जनपद स्तर पर 22 घंटे और ग्रामीण क्षेत्रों में 18 घंटे आपूर्ति देने के निर्देश दिए गए हैं। शासन की मंशा के अनुसार विद्युत विभाग रोस्टर के मुताबिक आपूर्ति देने का हर संभव प्रयास किया जा रहा है।
दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम लि. के अंतर्गत आगरा, अलीगढ़, कानपुर, बांदा, झांसी जोन समेत 22 जिले आते हैं। इन जिलों को नवंबर माह में 625 करोड़ राजस्व वसूली का लक्ष्य दिया गया, लेकिन 29 नवंबर तक अफसर 50 प्रतिशत वसूली कर पाए।
विज्ञापन
लक्ष्य के सापेक्ष आधी वसूली होने से एमडी की निगाहें तिरछी होने लगी हैं। दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम लि. के एमडी एसके वर्मा ने दक्षिणांचल के नौ जिलों के कुल 11 डिवीजन को रेड जोन में शामिल करते हुए संबंधित अफसरों को चेतावनी जारी गई है।
विज्ञापन
प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शहरी और ग्रामीण क्षेत्र के उपभोक्ताओं को आपूर्ति देने के लिए रोस्टर जारी कर दिया है। मुख्यालय पर 24 घंटे, जनपद स्तर पर 22 घंटे और ग्रामीण क्षेत्रों में 18 घंटे आपूर्ति देने के निर्देश दिए गए हैं। शासन की मंशा के अनुसार विद्युत विभाग रोस्टर के मुताबिक आपूर्ति देने का हर संभव प्रयास किया जा रहा है।
विज्ञापन
दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम लि. के अंतर्गत आगरा, अलीगढ़, कानपुर, बांदा, झांसी जोन समेत 22 जिले आते हैं। इन जिलों को नवंबर माह में 625 करोड़ राजस्व वसूली का लक्ष्य दिया गया, लेकिन 29 नवंबर तक अफसर 50 प्रतिशत वसूली कर पाए।
विज्ञापन
लक्ष्य के सापेक्ष आधी वसूली होने से एमडी की निगाहें तिरछी होने लगी हैं। दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम लि. के एमडी एसके वर्मा ने दक्षिणांचल के नौ जिलों के कुल 11 डिवीजन को रेड जोन में शामिल करते हुए संबंधित अफसरों को चेतावनी जारी गई है।