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7389 अपात्र किसान हुए पात्र, कर्ज माफ
Updated Tue, 26 Jun 2018 10:56 PM IST
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मैनपुरी। जिले में 7389 किसानों का ऋण मोचन योजना के तहत ऋण माफ किया गया है। शासन की ओर से दोबारा जांच में पात्र पाए गए किसानों के खातों में माफ की गई धनराशि को भेज दिया है। ऑनलाइन शिकायतों 2684 और एनपीए (नॉन परफॉर्मिंग असेट्स) के तहत 4705 किसानों को इसका लाभ मिलेगा।
ऋण मोचन योजना के तहत जिले में 276 करोड़ रुपये से 38012 किसानों का ऋण माफ किया गया था। इसके बाद 15 अप्रैल तक किसानों की ऑनलाइन शिकायतें दर्ज की गईं थी। इसमें 11718 किसानों ने ऑनलाइन शिकायतें दर्ज कराईं। शिकायत करने वाले किसानों का सत्यापन कर दोबारा ऋण माफ किया गया, लेकिन इस दौरान भी आधे से ज्यादा किसानों को अपात्र घोषित कर दिया गया था। इसे देखते हुए शासन ने उन किसानों के फिर से सत्यापन करने के निर्देश जारी किए थे। दोबारा हुई जांच में 2684 किसान फिर से पात्र पाए गए हैं। इनके खातों में 16.29 करोड़ रुपये की धनराशि भेज दी गई है। वहीं एनपीए के तहत 4705 किसानों 4.59 करोड़ रुपये से ऋण माफ किया गया है।
जिले में प्रथम चरण में 11718 किसानों ने ऑनलाइन शिकायतें दर्ज कराईं थीं। जांच के बाद विभाग की ओर से 3298 किसानों की सूची शासन को भेजी गई। शासन ने 1600 किसानों का 22 करोड़ रुपये से कर्ज माफ किया था। ऑनलाइन शिकायतों के द्वितीय चरण में एक से 15 जून तक शिकायतें दर्ज की गईं। इस दौरान जिले में 1874 किसानों ने ऑनलाइन शिकायतें दर्ज कराई हैं।
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ऋण मोचन योजना के तहत जिले में 7389 किसानों का ऋण माफ किया गया है। वहीं द्वितीय चरण की ऑनलाइन शिकायतों का सत्यापन जारी है।
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ऋण मोचन योजना के तहत जिले में 276 करोड़ रुपये से 38012 किसानों का ऋण माफ किया गया था। इसके बाद 15 अप्रैल तक किसानों की ऑनलाइन शिकायतें दर्ज की गईं थी। इसमें 11718 किसानों ने ऑनलाइन शिकायतें दर्ज कराईं। शिकायत करने वाले किसानों का सत्यापन कर दोबारा ऋण माफ किया गया, लेकिन इस दौरान भी आधे से ज्यादा किसानों को अपात्र घोषित कर दिया गया था। इसे देखते हुए शासन ने उन किसानों के फिर से सत्यापन करने के निर्देश जारी किए थे। दोबारा हुई जांच में 2684 किसान फिर से पात्र पाए गए हैं। इनके खातों में 16.29 करोड़ रुपये की धनराशि भेज दी गई है। वहीं एनपीए के तहत 4705 किसानों 4.59 करोड़ रुपये से ऋण माफ किया गया है।
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जिले में प्रथम चरण में 11718 किसानों ने ऑनलाइन शिकायतें दर्ज कराईं थीं। जांच के बाद विभाग की ओर से 3298 किसानों की सूची शासन को भेजी गई। शासन ने 1600 किसानों का 22 करोड़ रुपये से कर्ज माफ किया था। ऑनलाइन शिकायतों के द्वितीय चरण में एक से 15 जून तक शिकायतें दर्ज की गईं। इस दौरान जिले में 1874 किसानों ने ऑनलाइन शिकायतें दर्ज कराई हैं।
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ऋण मोचन योजना के तहत जिले में 7389 किसानों का ऋण माफ किया गया है। वहीं द्वितीय चरण की ऑनलाइन शिकायतों का सत्यापन जारी है।