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व्हाट्सएप ग्रुप मामले में ग्रुप एडमिन को नोटिस जारी
Updated Wed, 20 Dec 2017 11:36 PM IST
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- फोटो : SOCIAL MEDIA
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एटा। रोडवेज परिचालकों के व्हाट्सएप ग्रुप मामले में परिवहन निगम ने कार्रवाई की है। प्रबंध निदेशक की फटकार और शासन के निर्देश के बाद एआरएम ने ग्रुप एडमिन को नोटिस जारी किए हैं। ग्रुप एडमिन को नोटिस देकर तीन दिन में जबाव मांगा है। साथ ही ग्रुप से जुड़े परिचालक सदस्यों के खिलाफ भी कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।
दरअसल, व्हाट्सएप पर रोडवेज परिचालकों ने ओम साईं राम नाम से ग्रुप बना रखा था। इसके जरिए परिचालक चेकिंग टीमों की लोकेशन साझा करते थे। साथ ही बिना टिकट सवारियां दौड़ाकर राजस्व का नुकसान कर रहे थे। अमर उजाला ने मामले का भंडाफोड़ करते हुए खबर प्रकाशित की थी। इसके बाद शासन ने मामले में संज्ञान लिया और जांच के निर्देश दिए।
इसके बाद निगम के प्रबंध निदेशक को जांच सौंपी गई। उन्होंने जांच में लीपापोती करने की कोशिश की। जिस पर आरटीआई कार्यकर्ता सुनील कुमार ने आपत्ति जताई और शासन ने नाराजगी जताते हुए दोबारा जांच के निर्देश दिए। इसके बाद क्षेत्रीय प्रबंधक अलीगढ़ ने साक्ष्य नहीं मिलने की बात कहते हुए मामले को दबाने का प्रयास किया, मगर प्रबंध निदेशक ने मामने में कार्रवाई के निर्देश दिए।
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इसे लेकर एआरएम एटा ने ग्रुप के एडमिन ऋषि दीक्षित और मुनिकांत दीक्षित को नोटिस जारी किए हैं। उन्होंने नोटिस देकर तीन दिन में जवाब मांगा है। साथ ही जवाब नहीं देने पर सेवा समाप्ति की कार्रवाई करने के लिए कहा है। नोटिस जारी होने के बाद ग्रुप के परिचालक सदस्यों में हड़कंप मचा हुआ है।
व्हाट्सएप ग्रुप मामले में मिले साक्ष्यों के आधार पर ग्रुप एडमिन ऋषि दीक्षित और मुनिकांत दीक्षित को नोटिस जारी किया गया। जवाब नहीं मिलने पर सेवा समाप्ति और अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
लोकेश राजपूत, एआरएम
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दरअसल, व्हाट्सएप पर रोडवेज परिचालकों ने ओम साईं राम नाम से ग्रुप बना रखा था। इसके जरिए परिचालक चेकिंग टीमों की लोकेशन साझा करते थे। साथ ही बिना टिकट सवारियां दौड़ाकर राजस्व का नुकसान कर रहे थे। अमर उजाला ने मामले का भंडाफोड़ करते हुए खबर प्रकाशित की थी। इसके बाद शासन ने मामले में संज्ञान लिया और जांच के निर्देश दिए।
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इसके बाद निगम के प्रबंध निदेशक को जांच सौंपी गई। उन्होंने जांच में लीपापोती करने की कोशिश की। जिस पर आरटीआई कार्यकर्ता सुनील कुमार ने आपत्ति जताई और शासन ने नाराजगी जताते हुए दोबारा जांच के निर्देश दिए। इसके बाद क्षेत्रीय प्रबंधक अलीगढ़ ने साक्ष्य नहीं मिलने की बात कहते हुए मामले को दबाने का प्रयास किया, मगर प्रबंध निदेशक ने मामने में कार्रवाई के निर्देश दिए।
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इसे लेकर एआरएम एटा ने ग्रुप के एडमिन ऋषि दीक्षित और मुनिकांत दीक्षित को नोटिस जारी किए हैं। उन्होंने नोटिस देकर तीन दिन में जवाब मांगा है। साथ ही जवाब नहीं देने पर सेवा समाप्ति की कार्रवाई करने के लिए कहा है। नोटिस जारी होने के बाद ग्रुप के परिचालक सदस्यों में हड़कंप मचा हुआ है।
व्हाट्सएप ग्रुप मामले में मिले साक्ष्यों के आधार पर ग्रुप एडमिन ऋषि दीक्षित और मुनिकांत दीक्षित को नोटिस जारी किया गया। जवाब नहीं मिलने पर सेवा समाप्ति और अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
लोकेश राजपूत, एआरएम