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Corona: कोरोना वायरस संक्रमण को शिकस्त देकर घर लौटीं 104 वर्षीय श्यामवती
Mon, 12 Oct 2020 09:39 AM IST
Abhishek Saxena
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा-नोएडा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा-नोएडा
Published by: Abhishek Saxena
Updated Mon, 12 Oct 2020 09:39 AM IST
सार
श्यामवती को कोरोना के लक्षण मिलने पर दस दिन पहले भर्ती कराया गया था। जेपी अस्पताल प्रबंधन ने बताया कि महिला अस्पताल लाई गई थीं, तब उन्हें ऑक्सीजन की जरूरत थी। फेफड़ों में संक्रमण था।
धीरे-धीरे उपचार के दौरान उनकी हालत ठीक होने लगी।
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श्यामवती
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
104 साल की बुजुर्ग महिला कोरोना को मात देकर शनिवार रात घर लौट गईं। उन्हें सेक्टर-137 स्थित जेपी अस्पताल से डिस्चार्ज किया गया। मूलरूप से आगरा निवासी महिला श्यामवती को कोरोना के लक्षण मिलने पर दस दिन पहले भर्ती कराया गया था। वे स्वतंत्रता सेनानी पंडित भूप सिंह शर्मा की पत्नी हैं।
जेपी अस्पताल प्रबंधन ने बताया कि महिला अस्पताल लाई गई थीं, तब उन्हें ऑक्सीजन की जरूरत थी। फेफड़ों में संक्रमण था। धीरे-धीरे उपचार के दौरान उनकी हालत ठीक होने लगी। वह बात करने के साथ खाना भी खाने लगीं। इसके बाद उन्हें अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।
श्यामवती को नोएडा में बेटी के पास होम आइसोलेशन में रखा गया है। परिजनों को बताया गया है कि किसी भी तरह की परेशानी होने की स्थिति में तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें। इसके अलावा होम आइसोलेशन के दौरान एहतियात बरतें। श्यामवती के साथ 60 वर्ष की बेटी को भी कोरोना हो गया था। अस्पताल प्रबंधन के मुताबिक, एक सप्ताह में बेटी को भी डिस्चार्ज कर दिया जाएगा।
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जेपी अस्पताल प्रबंधन ने बताया कि महिला अस्पताल लाई गई थीं, तब उन्हें ऑक्सीजन की जरूरत थी। फेफड़ों में संक्रमण था। धीरे-धीरे उपचार के दौरान उनकी हालत ठीक होने लगी। वह बात करने के साथ खाना भी खाने लगीं। इसके बाद उन्हें अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।
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श्यामवती को नोएडा में बेटी के पास होम आइसोलेशन में रखा गया है। परिजनों को बताया गया है कि किसी भी तरह की परेशानी होने की स्थिति में तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें। इसके अलावा होम आइसोलेशन के दौरान एहतियात बरतें। श्यामवती के साथ 60 वर्ष की बेटी को भी कोरोना हो गया था। अस्पताल प्रबंधन के मुताबिक, एक सप्ताह में बेटी को भी डिस्चार्ज कर दिया जाएगा।
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वहीं जगदीशपुरा निवासी 65 वर्षीय मधुमेह रोगी संक्रमित महिला की रविवार को मृत्यु हो जाने मृतकों की संख्या 132 हो गई। 58 और मिलने से कुल संक्रमित 6365 हो गए। जिलाधिकारी प्रभु एन सिंह ने बताया कि 5648 लोग ठीक हो चुके हैं। 585 उपचाराधीन हैं।
आगरा में ग्रामीण क्षेत्रों के संक्रमित मरीजों में 75% तक कमी आई है। दस दिन पहले तक जहां ग्रामीण क्षेत्रों में 20 से 25 नए मरीज रोज मिल रहे थे अब इनकी संख्या घटकर 4-5 रह गई है।
जिले के 15 ब्लॉक में एक हजार से अधिक संक्रमित उपचार के बाद ठीक हो चुके हैं। इस कारण कंटेनमेंट जोन की संख्या भी तेजी से घटी है। यहां अक्तूबर से पहले 200 से अधिक कंटेनमेंट जोन बने थे जो अब सिर्फ 20-25 रह गए हैं। इन कंटेनमेंट जोन में भी एक-दो ही मरीज हैं।
जिला मजिस्ट्रेट प्रभु एन सिंह ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में 75 प्रतिशत केस कम हुए हैं। मरीजों के स्वस्थ होने की दर तेज होने से पिछले 10 दिनों में मरीजों की संख्या घटने से कंटेनमेंट जोन बंद किए हैं। जिले में प्रति 100 मरीजों में 89 मरीज ठीक हो रहे हैं।
आगरा में ग्रामीण क्षेत्रों के संक्रमित मरीजों में 75% तक कमी आई है। दस दिन पहले तक जहां ग्रामीण क्षेत्रों में 20 से 25 नए मरीज रोज मिल रहे थे अब इनकी संख्या घटकर 4-5 रह गई है।
जिले के 15 ब्लॉक में एक हजार से अधिक संक्रमित उपचार के बाद ठीक हो चुके हैं। इस कारण कंटेनमेंट जोन की संख्या भी तेजी से घटी है। यहां अक्तूबर से पहले 200 से अधिक कंटेनमेंट जोन बने थे जो अब सिर्फ 20-25 रह गए हैं। इन कंटेनमेंट जोन में भी एक-दो ही मरीज हैं।
जिला मजिस्ट्रेट प्रभु एन सिंह ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में 75 प्रतिशत केस कम हुए हैं। मरीजों के स्वस्थ होने की दर तेज होने से पिछले 10 दिनों में मरीजों की संख्या घटने से कंटेनमेंट जोन बंद किए हैं। जिले में प्रति 100 मरीजों में 89 मरीज ठीक हो रहे हैं।