{"_id":"5b142b544f1c1bf26e8b5fe9","slug":"101528048468-agra-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"पिपरौली में पशु चोरी, पशुपालक को जान से मारने की कोश्शि","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पिपरौली में पशु चोरी, पशुपालक को जान से मारने की कोश्शि
Updated Sun, 03 Jun 2018 11:28 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
नारखी/फिरोजाबाद। थाना नारखी के पिपरौली में पशुओं को चुराने वाले गिरोह ने शनिवार रात खूब आतंक मचाया। तीन पशुओं को खोलकर ले जाने का विरोध करते पशुपालक काफी दूर तक घिसटता चला गया। इतना ही नहीं जान से मारने की धमकी देने पर गाड़ी छोड़ दी। चोरों ने गाड़ी को लौटाकर ही ग्रामीण को कुचलने की कोशिश की। भतीजे पर फायरिंग कर दी। घायल का उपचार को प्राइवेट अस्पताल में चल रहा है। पुलिस ने अभियोग दर्ज कर लिया है।
थाना नारखी के गांव पिपरौली निवासी जुगेंद्र सिंह (52) पुत्र अंगद सिंह चौहान अपने भाई जसवंत सिंह व भतीजे जितेंद्र सिंह के साथ गांव के घेर में सोए थे। पास में तीन पशु बंधे थे। रात में पशु चोर गांव में आए। चोरों ने उनके पशुओं को खोलने के साथ ले जाने लगे। गांव से करीब 200 मीटर दूर बाजरा के खेत के सहारे भैंस ले जाने को डीसीएम पर चढ़ा रहे थे।
जुगेंद्र सिंह पीछा करते हुए पहुंचे तो एक भैंस को लादकर गाड़ी चलानी शुरू कर दी। जुगेंद्र गाड़ी पर लटक गया। काफी दूर तक गाड़ी के साथ घिसटता चला गया। चोरों के द्वारा तमंचा से गोली मारने की धमकी देने के साथ उसी के मुंह एवं सिर में बट मार दी। दूसरी ओर भतीजे जितेंद्र ने दो पशुओं को रोकने की कोशिश की तो चोरों ने फायरिंग कर दी। थाना प्रभारी निरीक्षक अनिल कुमार ने कहा कि पशु चोरी के मामले में पीड़ित की तहरीर पर अभियोग दर्ज कर लिया है।
विज्ञापन
ग्रामीणों का आरोप है कि सूचना देने के करीब पौन घंटे के बाद डायल 100 की गाड़ियां मौके पर पहुंची। ग्रामीणों ने कहा कि पौन घंटे के बाद डायल 100 पहुंची। उक्त टीम ने भी बदमाशों की गाड़ी खोजने के बजाय घायल को पहुंचाने का काम किया। थाना पुलिस तो गांव में पड़ताल करने तक नहीं पहुंची।
विज्ञापन
थाना नारखी के गांव पिपरौली निवासी जुगेंद्र सिंह (52) पुत्र अंगद सिंह चौहान अपने भाई जसवंत सिंह व भतीजे जितेंद्र सिंह के साथ गांव के घेर में सोए थे। पास में तीन पशु बंधे थे। रात में पशु चोर गांव में आए। चोरों ने उनके पशुओं को खोलने के साथ ले जाने लगे। गांव से करीब 200 मीटर दूर बाजरा के खेत के सहारे भैंस ले जाने को डीसीएम पर चढ़ा रहे थे।
विज्ञापन
जुगेंद्र सिंह पीछा करते हुए पहुंचे तो एक भैंस को लादकर गाड़ी चलानी शुरू कर दी। जुगेंद्र गाड़ी पर लटक गया। काफी दूर तक गाड़ी के साथ घिसटता चला गया। चोरों के द्वारा तमंचा से गोली मारने की धमकी देने के साथ उसी के मुंह एवं सिर में बट मार दी। दूसरी ओर भतीजे जितेंद्र ने दो पशुओं को रोकने की कोशिश की तो चोरों ने फायरिंग कर दी। थाना प्रभारी निरीक्षक अनिल कुमार ने कहा कि पशु चोरी के मामले में पीड़ित की तहरीर पर अभियोग दर्ज कर लिया है।
विज्ञापन
ग्रामीणों का आरोप है कि सूचना देने के करीब पौन घंटे के बाद डायल 100 की गाड़ियां मौके पर पहुंची। ग्रामीणों ने कहा कि पौन घंटे के बाद डायल 100 पहुंची। उक्त टीम ने भी बदमाशों की गाड़ी खोजने के बजाय घायल को पहुंचाने का काम किया। थाना पुलिस तो गांव में पड़ताल करने तक नहीं पहुंची।