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हिमाचल की बेटी ने बॉलीवुड से मस्कट तक बिखेरा अपने सुरों का जादू

Mon, 31 Dec 2018 01:48 PM IST
अरविन्द ठाकुर संजय ठाकुर, अमर उजाला, पतलीकूहल (कुल्लू)
संजय ठाकुर, अमर उजाला, पतलीकूहल (कुल्लू) Published by: अरविन्द ठाकुर Updated Mon, 31 Dec 2018 01:48 PM IST
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Singer Neeru chandani Story from Lahaul himachal pradesh

हिमाचल का शायद ही कोई व्यक्ति ऐसा हो जो मशहूर लोकगायिका नीरू चांदनी के नाम से वाकिफ न हो। लोकसंगीत के क्षेत्र में तमाम नामचीन पुरुष गायकों के बीच नीरू चांदनी इस दौर की इकलौती महिला लोकगायिका हैं, जो कई बड़े कलाकारों को चुनौती पेश कर रही हैं। उन्होंने साहिबा, सारांश, साथिया, तुमसे मिलकर, डांस पे चांस व नच बलिए जैसी एलबमों ने मार्केट में आते ही धूम मचा दी।

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एलबम में गायिका आमा जूले, गदी वाणे वाणे, सेला, चाल गड़िये गीत गाकर मशहूर हुईं। खास बात यह है उन्हें लाहौली लोकगीत के अलावा कुल्लवी, मंडयाली, कांगड़ी और पंजाबी लोकगायकी में भी महारत हासिल है। उन्हें बॉलीवुड से भी गाने के लिए ऑफर आए हैं। टी-सीरीज के साथ उनकी गायकी को लेकर चर्चा चल रही है। इन दिनों उनकी गाई माता की भेंट मईया तेरा दर खूब चर्चा में है। इसे यू-ट्यूब पर रिलीज किया गया है।
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कुल्लू और लाहौल की शायद ही कोई शादी हो जिसमें नीरू चांदनी के गाने न बजते हों। 14 अक्तूबर 1974 को कटराईं में जन्मीं नीरू चांदनी को बचपन से ही गीत-संगीत से गहरा लगाव रहा है। मूल रूप से लाहौल जिले से ताल्लुक रखने वाली नीरू चांदनी को दादी मदनी की वजह से छोलणी, छोलणी, संगीत में रुचि पैदा हुई। लिहाजा, वे दादी को ही अपना प्रेरणास्रोत मानती हैं।

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आकाशवाणी शिमला से की कॅरिअर की शुरुआत

Singer Neeru chandani Story from Lahaul himachal pradesh

कुल्लू कॉलेज से स्नातक की डिग्री हासिल करने वाली नीरू ने 19 साल की उम्र में 1993 में आकाशवाणी शिमला में गाना गाकर अपने गायन कॅरिअर की शुरुआत की। अपने सुरीले कंठ के दम पर ही वह मायानगरी मुंबई के अलावा विदेशी धरती पर ओमान और मस्कट में भी अपनी कला का प्रदर्शन कर चुकी हैं।

नीरू चांदनी चंबा के मिंजर मेला, अंतरराष्ट्रीय कुल्लू दशहरा, मंडी शिवरात्रि और समर फेस्टिवल शिमला में भी गा चुकी हैं। इन दिनों जागरणों में भी उनकी भारी मांग चल रही है। गायन के क्षेत्र में व्यस्त रहने के बावजूद नीरू चांदनी घर-परिवार को भी पूरा समय देती हैं। उनके दो बेटे उच्च शिक्षा प्राप्त कर रहे हैं। उन्हें 2015 में फोक सिंगर ऑफ द ईयर और 2018 वैष्णव जयंतो गीत के लिए सीएम जयराम ठाकुर ने सम्मानित किया।

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