कामगारों के बच्चों को स्कूलों में पहली से 12वीं कक्षा तक मिलेंगी समान राशि
बोर्ड ने 70 हजार आइटमों को एक माह के भीतर मजदूरों को वितरित करने का फैसला लिया है। इनमें वाशिंग मशीन, साइकिल, इंडक्शन, सोलर लैंप शामिल हैं। हिमाचल असंगठित निर्माण श्रमिक कल्याण बोर्ड की बुधवार को आयोजित बैठक में अहम फैसले लिए हैं।
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उद्योग मंत्री विक्रम सिंह ने कहा कि प्रदेश के असंगठित पंजीकृत 1.35 लाख कामगारों को कोविड काल में सरकार ने कुल 70 करोड़ की राशि जारी की है। इन कामगारों को दो-दो हजार की तीन किश्तों में राशि दी गई है ताकि उन्हें आर्थिक संकट से न जूझना पड़े। कामगारों को केंद्र की योजना से अलग डेढ़ लाख रुपए आवास बनाने को मिलेंगे। बोर्ड ने 70 हजार आइटमों को एक माह के भीतर मजदूरों को वितरित करने का फैसला लिया है। इनमें वाशिंग मशीन, साइकिल, इंडक्शन, सोलर लैंप शामिल हैं। हिमाचल असंगठित निर्माण श्रमिक कल्याण बोर्ड की बुधवार को आयोजित बैठक में अहम फैसले लिए हैं।
उद्योग मंत्री ने बुधवार को यहां हिमाचल प्रदेश असंगठित कामगार कल्याण बोर्ड की बैठक के बाद उक्त जानकारी देते हुए कहा कि बोर्ड के साथ मनरेगा कामगारों और निर्माण से जुड़े असंगठित मजदूरों का पंजीकरण करके बोर्ड की विभिन्न योजनाओं का लाभ पहुंचाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि कामगारों के बच्चों को स्कूलों पहली से 12वीं कक्षा तक दी जाने वाली राशि समान कर दी है। पहले पहली से आठवीं तक पढ़ने वाली लड़कियों को आठ हजार और लड़कों को पांच हजार की राशि दी जाती थी। अब लड़कों और लड़कियों के लिए यह राशि बढ़ाकर 8400 रुपए प्रति वर्ष कर दी है।
आठवीं से 12वीं कक्षा के विद्यार्थियों के लिए 12 हजार प्रति वर्ष धनराशि दी जाएगी। स्नातक विद्यार्थियों को हर साल 36 हजार तक राशि दी जाएगी। पीजी की पढ़ाई के लिए 60 हजार प्रति वर्ष और पॉलिटेक्निक कोर्स के लिए 60 हजार प्रति वर्ष धनराशि पढ़ाई को देंगे। इसके अलावा पीएचडी और अन्य प्रोफेशनल कोर्स के लिए 1.20 लाख रुपए प्रति वर्ष दिए जाएंगे। होस्टल में पढ़े वाले विद्यार्थियों को 20 हजार सालाना राशि दी जाएगी। मंत्री ने कहा कि कामगार की कन्या के जन्म के समय 51 हजार की राशि जमा की जाएगी और उसके 18 साल के बाद राशि प्रदान करेंगे। यह लाभ दो कन्याओं के जन्म तक दिया जाएगा। महिला श्रमिक को 1500 रुपए प्रति माह देने का फैसला भी लिया है। मजदूर के अक्षम बच्चों को भी सरकार 20 हजार प्रति वर्ष की वित्तीय मदद करेगी।