फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Shimla News ›   Water Supply Scam: Three vigilance teams reached Theog and checked the storage capacity of tanks

Water Supply Scam: ठियोग पहुंचीं विजिलेंस की टीमें, टैंकों की भंडारण क्षमता जांची; एसडीएम समेत 90 के बयान दर्ज

Sun, 12 Jan 2025 05:00 AM IST
Krishan Singh अमर उजाला ब्यूरो/संवाद, शिमला/ठियोग
अमर उजाला ब्यूरो/संवाद, शिमला/ठियोग Published by: Krishan Singh Updated Sun, 12 Jan 2025 05:00 AM IST
सार

शिमला जिले के ठियोग तहसील में हुए पानी के कथित गड़बड़झाले में विजिलेंस ब्यूरो ने एसडीएम ठियोग सहित 90 लोगों के बयान दर्ज किए हैं।

विज्ञापन
Water Supply Scam: Three vigilance teams reached Theog and checked the storage capacity of tanks
ठियोग पेयजल घोटाला। - फोटो : अमर उजाला नेटवर्क

विस्तार

हिमाचल प्रदेश के शिमला जिले के ठियोग तहसील में हुए पानी के कथित गड़बड़झाले में विजिलेंस ब्यूरो ने एसडीएम ठियोग सहित 90 लोगों के बयान दर्ज किए हैं। विजिलेंस अधिकारियों की ओर से की गई पूछताछ में एसडीएम ने कहा है कि ठेकेदारों के जो बिल आए थे, उसके आधार पर ही पेमेंट की गई है। जल शक्ति विभाग के इंजीनियरों ने बिलों को वेरिफाई किया था। बिलों में जल शक्ति विभाग के इंजीनियरों के हस्ताक्षर थे। अगले सप्ताह तक जांच रिपोर्ट डीजीपी विजिलेंस को सौंपी जाएगी।

विज्ञापन


इसके बाद ही मामले में एफआईआर दर्ज हो सकती है। विजिलेंस की ओर से निलंबित इंजीनियरों और ठेकेदारों के बैंक खाते खंगाले जा रहे हैं। उधर, प्रदेश सरकार ने विजिलेंस को इस मामले में तह तक जाने की बात कही है। विजिलेंस के अधिकारी दावा कर रहे हैं कि एक सप्ताह के भीतर मामले का खुलासा होंगे। उल्लेखनीय है कि पानी के गड़बड़झाले का मामला सामने आने के बाद जल शक्ति विभाग के 10 अफसरों को निलंबित कर दिया गया था।

विज्ञापन

यह है मामला
ठियोग तहसील में टैंकरों से पानी देने के नाम पर करीब 1.13 करोड़ रुपये का गड़बड़झाला हुआ है। ठियोग उपमंडल में पिछले वर्ष फरवरी से जून माह के दौरान सूखे के चलते पानी की आपूर्ति टैंकरों से करने का काम ठेके पर दिया गया। आरोप है कि कई जगह पानी की आपूर्ति ही नहीं हुई और भुगतान कर दिया गया। आरोप यह भी है कि पेयजल आपूर्ति करने वाले टैंकरों के जो नंबर दिए गए, उनमें कई मोटरसाइकिल और अफसर की कार के भी हैं।

कोटजो बिल उनके पास आए थे, उन्हें अपने कार्यालय और जल शक्ति विभाग के इंजीनियरों से वेरिफाई किया गया। वह खुद तो फील्ड में नहीं जा सकते। हर साल करोड़ों की पेमेंट की जाती है।-मुकेश शर्मा, एसडीएम ठियोग



 

ठियोग पहुंचीं विजिलेंस की तीन टीमें, टैंकों की भंडारण क्षमता जांची
ठियोग तहसील में हुए पानी के गड़बड़झाले मामले की विस्तृत जांच तेज हो गई है। शनिवार को विजिलेंस की तीन टीमें ठियोग पहुंचीं। एक टीम उन क्षेत्रों में गई, जहां पानी की सप्लाई की गई। दूसरी टीम ने उस क्षेत्र का दौरा, जहां से पानी उठाया गया और तीसरी टीम ठियोग में दस्तावेज खंगालती रही। शनिवार को एक टीम ने पानी के टैंकों की भी जांच की। यह भी देखा गया कि टैंक की भंडारण क्षमता कितनी है। विजिलेंस की तीनों टीमें अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नरवीर सिंह राठौर की अगुवाई में सरोग और नंगल देवी के इलाकों में पहुंचीं।

विज्ञापन

अधिकारियों ने लोगों से भी बातचीत की। कुछ ग्रामीणों ने टैंकरों से पानी की सप्लाई होने की बात कही, लेकिन क्षेत्र में कितने पानी के टेंडर पहुंचे, इस पर किसी के पास जवाब नहीं था। टैंकर चालकों के फोन से जीपीएस लोकेशन का पता लगाया जा रहा है। एक टीम ने नगर परिषद ठियोग के वार्डों में टैंकर वितरण के लिए विभागीय कर्मचारियों से पूछताछ की। टीम ने विभागीय कर्मचारियों की निशानदेही पर वार्डों में जाकर मौके का निरीक्षण किया। मतियाना क्षेत्र से भी साक्ष्य जुटाए गए। शनिवार को विजिलेंस की की ओर टीम ने कोटी क्षेत्र के कई इलाकों का दौरा किया। इस दौरान टीम ने गलू और देशु मंदिर स्थित टैंकों का जायजा लिया।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed