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Shimla News: यूआईटी ने यूके से हासिल किया डिजाइन प्रमाणपत्र

Tue, 14 Oct 2025 11:59 PM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Tue, 14 Oct 2025 11:59 PM IST
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UIT receives design certificate from UK
उपस्थिति डेटा उपकरण किया है तैयार
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विद्यार्थियों की हाजिरी को स्वचालित बनाने में करेगा मदद
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय शिमला के यूनिवर्सिटी इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (यूआईटी) के शोधकर्ताओं ने महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। संस्थान के बनाए गए स्वचालित छात्र उपस्थिति डेटा प्रोसेसिंग उपकरण रियल-टाइम इमेज प्रोसेसिंग और एआई तकनीक को यूनाइटेड किंगडम के इंटेलेक्चुअल प्रॉपर्टी ऑफिस ने डिजाइन रजिस्ट्रेशन प्रमाणपत्र प्रदान किया है।

यह नया उपकरण छात्रों की उपस्थिति दर्ज करने की प्रक्रिया को पूरी तरह स्वचालित और सटीक बनाने में मदद करेगा। इसमें रियल-टाइम इमेज प्रोसेसिंग और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस तकनीक का उपयोग किया है। इसके माध्यम से छात्र उपस्थिति को तुरंत रिकॉर्ड किया जा सकेगा जिससे शिक्षकों और प्रशासनिक कर्मचारियों का समय बचेगा तथा मानवीय त्रुटियों की संभावना भी समाप्त हो जाएगी। शिक्षा संस्थानों में इस उपकरण के प्रयोग से स्मार्ट निगरानी और डेटा प्रबंधन में क्रांतिकारी बदलाव आएगा।
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इस सिस्टम को तैयार करने वाले शोधकर्ताओं में इंजीनियर संदीप कुमार, डॉ. निकिता गुप्ता, डॉ. श्याम चंद, डॉ. प्रवीण के. शर्मा और इंजीनियर दलजीत कुमार शामिल हैं। हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. महावीर सिंह ने इस उपलब्धि पर टीम को बधाई दी और कहा कि यह नवाचार विश्वविद्यालय के शोध और तकनीकी उत्कृष्टता की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। कुलपति ने कहा कि यह उपकरण भविष्य में विश्वविद्यालय के सभी स्मार्ट शिक्षा कार्यक्रमों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा और छात्रों को आधुनिक तकनीक के प्रयोग से लाभान्वित करेगा। यूआईटी के निदेशक प्रो. एजे सिंह ने भी टीम की प्रशंसा करते हुए कहा कि यह अंतरराष्ट्रीय मान्यता विश्वविद्यालय की छवि को मजबूत करेगी और शोधकर्ताओं तथा छात्रों के लिए नए अवसर खोलने में मदद करेगी। यह तकनीक शिक्षा क्षेत्र में डिजिटल बदलाव को और तेज करेगी। इससे न केवल उपस्थिति रिकॉर्ड करना आसान होगा बल्कि डेटा संग्रह और विश्लेषण की प्रक्रिया भी सरल तथा भरोसेमंद बनेगी। भविष्य में इस तकनीक का उपयोग अन्य प्रशासनिक और शैक्षिक कार्यों में भी किया जा सकता है।
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