खेल नीति की अधिसूचना जारी: हिमाचल में मेडल जीतने वाले खिलाड़ियों के प्रशिक्षकों पर भी होगी धनवर्षा
हिमाचल प्रदेश स्वर्ण जयंती खेल नीति शुक्रवार को राजपत्र में अधिसूचित कर दी गई है। ओलंपिक में स्वर्ण पदक जीतने वाले खिलाड़ी को तीन करोड़ और कोच को एक करोड़ रुपये दिए जाएंगे।
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हिमाचल प्रदेश सरकार ओलंपिक, एशियन गेम, कॉमनवेल्थ, वर्ल्ड कप, वर्ल्ड यूनिवर्सिटी गेम सहित अन्य अंतरराष्ट्रीय और राष्ट्रीय खेल स्पर्धा विजेताओं के कोच को भी नकद राशि देगी। हिमाचल प्रदेश स्वर्ण जयंती खेल नीति शुक्रवार को राजपत्र में अधिसूचित कर दी गई है। ओलंपिक में स्वर्ण पदक जीतने वाले खिलाड़ी को तीन करोड़ और कोच को एक करोड़ रुपये दिए जाएंगे। पदक वार यह राशि खिलाड़ियों के लिए 2 करोड़ से 15 लाख और कोच के लिए 60 लाख रुपये से साढ़े सात लाख रुपये तय की गई है। एशियन खेल और कामनवेल्थ गेम विजेता खिलाड़ियों को 50 लाख से तीन लाख और कोच को पदक वार 25 लाख से डेढ़ लाख रुपये दिए जाएंगे।
वर्ल्ड कप विजेता खिलाड़ियों 50 लाख से 20 लाख और कोच को पदक वार 10 से 15 लाख रुपये, वर्ल्ड यूनिवर्सिटी गेम, यूथ ओलंपिक गेम, यूथ एशियन गेम में पदक वार खिलाड़ियों को 10 लाख से चार लाख और कोच को ढाई से एक लाख रुपये, सैफ गेम में खिलाड़ियों को 6 लाख से 3 लाख और कोच को 3 से डेढ़ लाख रुपये, नेशनल स्कूल गेम, खेलो इंडिया अंडर 19 में खिलाड़ियों को एक लाख से 40 हजार और कोच को 25 हजार से 10 हजार रुपये, नेशनल यूथ गेम, ऑल इंडिया इंटर यूनिवर्सिटी खेल में खिलाड़ियों को एक लाख से 40 हजार रुपये और कोच को 50 हजार से 20 हजार रुपये पदक वार दिए जाएंगे। नई खेल नीति के तहत हिमाचल के ग्रामीण क्षेत्रों के प्रतिभावान खिलाड़ियों को निखारा जाएगा। 15 वर्ष बाद 14 जनवरी 2022 को प्रदेश सरकार ने नई खेल नीति को घोषित किया था।