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स्वावलंबन योजना में 5 फीसदी बढ़ाई सब्सिडी
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subsidy increase on plan
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डीसी आदित्य नेगी ने दी जानकारी
बैंकों को लंबित मामले निपटाने के निर्देश
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। मुख्यमंत्री स्वावलंबन योजना के तहत अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति के लाभार्थियों के लिए निवेश सब्सिडी 25 से बढ़ाकर 30 प्रतिशत कर दी है। इसके अलावा महिला लाभार्थियों एवं दिव्यांग आवेदकों के लिए निवेश सब्सिडी 30 से बढ़ाकर 35 प्रतिशत कर दी है।
यह जानकारी मुख्यमंत्री स्वावलंबन योजना की जिला स्तरीय समिति की मंगलवार को हुई बैठक की अध्यक्षता करते हुए डीसी आदित्य नेगी ने दी। उन्होंने कहा कि वित्त वर्ष 2022-23 में योजना के तहत जिले में 300 उद्यम स्थापित करने का लक्ष्य निर्धारित किया है। इसमें से अभी तक 28 उद्यम स्थापित किए जा चुके हैं।
उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार के निर्देशानुसार योजना में संशोधन किए हैं। कहा कि खेती के लिए इस्तेमाल होने वाले कृषि उपकरण, कम्बाइन और हार्बेसटर सहित स्वचालित छोटा माल वाहक की लागत 10 लाख रुपये तक तय की है। उन्नत डायरी विकास योजना को भी योजना में शामिल किया है। इसमें राज्य के जनजातीय क्षेत्रों में न्यूनतम 3 गाय/भैंस की एक इकाई और राज्य के अन्य जगहों पर न्यूनतम 5 गाय/भैंस पशु घटक को परियोजना की लागत और सब्सिडी में शामिल किया है। बैठक में उन्होंने बैंकों को लंबित मामलों का निपटारा करने के निर्देश भी दिए। इस अवसर पर महाप्रबंधक जिला उद्योग केंद्र योगेश गुप्ता और एलडीएम यूको बैंक एके सिंह मौजूद रहे।
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बैंकों को लंबित मामले निपटाने के निर्देश
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। मुख्यमंत्री स्वावलंबन योजना के तहत अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति के लाभार्थियों के लिए निवेश सब्सिडी 25 से बढ़ाकर 30 प्रतिशत कर दी है। इसके अलावा महिला लाभार्थियों एवं दिव्यांग आवेदकों के लिए निवेश सब्सिडी 30 से बढ़ाकर 35 प्रतिशत कर दी है।
यह जानकारी मुख्यमंत्री स्वावलंबन योजना की जिला स्तरीय समिति की मंगलवार को हुई बैठक की अध्यक्षता करते हुए डीसी आदित्य नेगी ने दी। उन्होंने कहा कि वित्त वर्ष 2022-23 में योजना के तहत जिले में 300 उद्यम स्थापित करने का लक्ष्य निर्धारित किया है। इसमें से अभी तक 28 उद्यम स्थापित किए जा चुके हैं।
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उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार के निर्देशानुसार योजना में संशोधन किए हैं। कहा कि खेती के लिए इस्तेमाल होने वाले कृषि उपकरण, कम्बाइन और हार्बेसटर सहित स्वचालित छोटा माल वाहक की लागत 10 लाख रुपये तक तय की है। उन्नत डायरी विकास योजना को भी योजना में शामिल किया है। इसमें राज्य के जनजातीय क्षेत्रों में न्यूनतम 3 गाय/भैंस की एक इकाई और राज्य के अन्य जगहों पर न्यूनतम 5 गाय/भैंस पशु घटक को परियोजना की लागत और सब्सिडी में शामिल किया है। बैठक में उन्होंने बैंकों को लंबित मामलों का निपटारा करने के निर्देश भी दिए। इस अवसर पर महाप्रबंधक जिला उद्योग केंद्र योगेश गुप्ता और एलडीएम यूको बैंक एके सिंह मौजूद रहे।
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