सरकारी स्कूलों के विद्यार्थी भी बोलेंगे फर्राटेदार अंग्रेजी, यहां जानिए पूरा मामला
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निजी स्कूलों के विद्यार्थियों की तर्ज पर अब सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले विद्यार्थी भी फर्राटेदार अंग्रेजी बोलेंगे। छठी से दसवीं कक्षा के 1514 स्कूलों में शिक्षा विभाग नया प्रयोग करने जा रहा है।
आईसीटी फेज दो के तहत 1514 स्कूलों को रीड टू मी साफ्टवेयर मुफ्त में दिया जाएगा। यह साफ्टवेयर स्कूली बच्चों को अंग्रेजी पठन-पाठन प्रक्रिया को सरल तरीके से समझाएगा। विद्यार्थियों का ऑडियो-वीडियो की मदद से अंग्रेजी ज्ञान सुधारा जाएगा।
मंगलवार को इस संदर्भ में सर्व शिक्षा अभियान और राष्ट्रीय माध्यमिक शिक्षा अभियान के राज्य परियोजना कार्यालय में एक विशेष बैठक आयोजित हुई। परियोजना निदेशक आशीष कोहली ने रीड टू मी साफ्टवेयर से सभी को अवगत कराया।
ई कंटेन्ट का अनिवार्य तौर पर प्रयोग करने के निर्देश
उन्होंने बताया कि इस साफ्टवेयर की मदद से विद्यार्थियों को अंग्रेजी सिखाई जाएगी। अंग्रेजी में शब्दों का उच्चारण किस तरह करना है? शब्द का अर्थ क्या है? इस शब्द की मदद से वाक्य कैसे बनाना है? इसको लेकर आईसीटी लैब में बताया जाएगा।
बच्चों की समझ को आसान बनाने के लिए ऑडियो और वीडियो की मदद ली जाएगी। चित्रों के माध्यम से विभिन्न शब्दों के अर्थ समझाए जाएंगे। बैठक में विभिन्न जिलों के नोडल अफसर और जिला समन्वयक मौजूद रहे।
राज्य परियोजना कार्यालय ने नवीं से जमा दो कक्षा वाले सभी सरकारी स्कूलों के शिक्षकों को सप्ताह में दो बार ई कंटेन्ट के माध्यम से छात्रों को पढ़ाना अनिवार्य किया है।
इसके तहत स्कूली छात्रों को आईसीटी लैब में ले जाकर कंप्यूटर के माध्यम से पढ़ाई करवाई जाएगी। नवीं से जमा दो कक्षा तक का पूरा सिलेबस साफ्टवेयर में अपलोड किया गया है। इस प्रक्रिया के शुरू होने से छात्रों में कंप्यूटर का ज्ञान भी बढ़ेगा।