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Himachal Information Commission: सूचना देने में देरी करने पर एमसी शिमला के अधिकारी पर 15,000 रुपये जुर्माना
Sun, 23 Jul 2023 11:26 AM IST
Krishan Singh
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
Published by: Krishan Singh
Updated Sun, 23 Jul 2023 11:26 AM IST
सार
सूचना आयोग ने सूचना के अधिकार के तहत सूचना देने में देरी करने पर कड़ा रुख अपनाया है। आयोग के मुख्य आयुक्त आरडी धीमान ने नगर निगम शिमला के जन सूचना अधिकारी पर 15,000 रुपये का जुर्माना लगाया है।
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राज्य सूचना आयोग
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
राज्य सूचना आयोग ने सूचना के अधिकार के तहत सूचना देने में देरी करने पर कड़ा रुख अपनाया है। आयोग के मुख्य आयुक्त आरडी धीमान ने नगर निगम शिमला के जन सूचना अधिकारी पर 15,000 रुपये का जुर्माना लगाया है।
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पवन कुमार बंता की अपील को स्वीकार करते हुए आयोग ने ये आदेश दिए। आयोग ने पाया कि जन सूचना अधिकारी ने अपीलकर्ता को वांछित सूचना एक वर्ष के बाद दी। अपीलकर्ता ने 14 जनवरी 2022 को सूचना के अधिकार के तहत आवेदन किया था। जन सूचना अधिकारी ने 14 फरवरी 2022 को सूचित किया कि वांछित सूचना कार्यालय में उपलब्ध नहीं है। जन सूचना अधिकारी की इस सूचना के खिलाफ पवन बंता ने नगर निगम आयुक्त के समक्ष पहली अपील दायर की।
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आयोग ने पाया कि अपीलीय अधिकारी ने भी बिना सोचे-समझे जन सूचना अधिकारी के आदेशों को सही ठहराया था। अपीलीय अधिकारी के इस निर्णय के खिलाफ राज्य सूचना आयोग के समक्ष अपील की गई। आयोग ने जन सूचना अधिकारी को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया। आयोग के आदेशों के बाद जन सूचना अधिकारी ने अपीलकर्ता को वांछित सूचना दी गई। आयोग ने कहा कि जन सूचना अधिकारी की लचर कार्यप्रणाली से अपीलकर्ता को सूचना से वंचित रहना पड़ा। जब जन सूचना अधिकारी के पास सूचना के लिए आवेदन किया गया तो अधिकारी ने बिना रिकॉर्ड खंगाले ही सूचना देने से इंकार कर दिया। जन सूचना अधिकारी के उचित और संतोषजनक जवाब न मिलने पर आयोग ने सूचना के अधिकार की धारा 20 के तहत उसे जुर्माना लगाया है।
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