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Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Shimla News ›   Water Crisis Delhi There is no dam to stop the water of Yamuna river in Himachal region

Himachal: हिमाचल के क्षेत्र में यमुना नदी के पानी को रोकने के लिए नहीं कोई बांध, कैसे दिल्ली को देंगे पानी

Mon, 10 Jun 2024 10:19 PM IST
अंकेश डोगरा संवाद न्यूज एजेंसी, पांवटा साहिब (सिरमौर)।
संवाद न्यूज एजेंसी, पांवटा साहिब (सिरमौर)। Published by: अंकेश डोगरा Updated Mon, 10 Jun 2024 10:19 PM IST
सार

हिमाचल से दिल्ली को पानी छोड़ने की कही जा रही है, लेकिन हिमाचल उत्तराखंड सीमा पर बहने वाली यमुना नदी पर पानी रोकने को हिमाचल सीमा में कोई बांध नहीं है।

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Water Crisis Delhi There is no dam to stop the water of Yamuna river in Himachal region
हिमाचल उत्तराखंड राज्य सीमा पर बहती यमुना नदी में हिमाचल क्षेत्र में कोई बांध नहीं - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

विस्तार

दिल्ली में पानी की किल्लत को काफी विकट स्थिति चल रही है। इसमें हिमाचल से दिल्ली को पानी छोड़ने की बात सामने आ रही है। हिमाचल उत्तराखंड सीमा पर बहने वाली यमुना नदी पर पानी रोकने को हिमाचल सीमा में कोई बांध नहीं है। सहायक नदियों टौंस, बाता व गिरि नदी का पानी यमुना के माध्यम से पहले ही हरियाणा के हथनीकुंड बांध पर ही जा रहा है। दिल्ली को सीधे तौर पर गिरी नदी से पानी छोड़ने का फिलहाल कोई प्रावधान व प्रक्रिया ही नहीं है।

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बता दें कि पड़ोसी राज्य उतराखंड की यमुनोत्री से निकलने वाला पानी उतराखंड के डाकपत्थर बैराज में रोका जाता है। टनल के माध्यम से आसन बैराज में बिजली तैयार करने के बाद पानी नहर के माध्यम से हरियाणा हथनीकुंड व ताजेवाला बैराज तक पहुंचता है। उतराखंड से भगानी के समीप होते हुए करीब 16 किमी तक हिमाचल सीमा पर बहती है। हिमाचल क्षेत्र में कोई बांध नही बना है।
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उत्तराखंड डाकपत्थर से भी नाममात्र का पानी यमुना नदी में पहुंचता है। ऐसे में हिमाचल की टौंस, गिरि नदी व बाता सहायक नदियों का पानी यमुना नदी में मिल कर हरियाणा के हथनीकुंड तक पहुंचता है। पानी रोकने का स्थल हथनीकुंड बैराज है। मिली जानकारी अनुसार इस बैराज से इस्टर्न टनल से उतर प्रदेश तथा वेस्टर्न टनल के हरियाणा पानी जाता है। हथनीकुंड से शेष पानी पश्चिम यमुना नहर के माध्यम से करनाल के मुनक पनीपत और सोनीपत से होकर दिल्ली पहुंच जाता है।
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हथनीकुंड बैराज में जाता है पानी
हिमाचल प्रदेश के पूर्व ऊर्जा मंत्री व विधायक पांवटा साहिब सुखराम चौधरी ने कहा कि हिमाचल पानी नहीं रोक रहा है। यमुना नदी पर बांध हरियाणा व उतराखंड में ही बने हैं। यमुना नदी में हिमाचल क्षेत्र में नदी का पानी रोकने को कोई जल संग्रहण बांध ही नहीं है। गिरि नदी पर बने जटौन रिजर्व वीयर (बैराज) पर दो से चार घंटे स्टोर करने के बाद बिजली पैदा कर पानी को छोड़ दिया जाता है। ये हरियाणा के हथनीकुंड बैराज में चला जाता है। हिमाचल प्रदेश के पूर्व ऊर्जा मंत्री सुखराम चौधरी ने कहा कि दिल्ली को पानी पहुंचाने के लिए प्रस्तावित रेणुका डैम प्रोजेक्ट कार्य अभी शुरू नहीं हुआ है। ऐसे में हिमाचल द्वारा पानी को रोके जाने की बात समझ से परे है। हरियाणा डैम से पानी दिल्ली नहीं पहुंच पा रहा तो फिर हिमाचल का इसमें कोई लेना देना नहीं है। दिल्ली को सीधे तौर पर गिरी नदी से पानी छोड़ने का फिलहाल कोई प्रावधान व प्रक्रिया ही नहीं है।
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