नए फॉर्मूले से जल्दी आएगा दसवीं, जमा दो का रिजल्ट
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हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड इस बार दसवीं और बारहवीं का परीक्षा परिणाम मई के पहले सप्ताह में घोषित कर देगा। बोर्ड ने इसके लिए अपनी कार्यप्रणाली में बदलाव किया है।
इस बदलाव के बाद परीक्षा परिणाम पिछली मर्तबा की तुलना में 10 से 15 दिन पहले निकाल दिया जाएगा। इस बार मूल्यांकन केंद्रों से आंसरशीट डाक के बजाय बोर्ड कर्मचारी स्वयं ला रहे हैं।
मूल्यांकन के बाद बोर्ड कर्मी उत्तर पुस्तिकाएं गाड़ियों के माध्यम से सीधे बोर्ड में पहुंचा रहे हैं। पहले यह कार्य डाक के जरिये होता था। इससे उत्तर पुस्तिकाएं पहुंचने में तीन से चार दिन का समय लग जाता था।
समय की नजाकत को समझते हुए शिक्षा बोर्ड ने डाक के बजाय हाथोंहाथ ही हस्तांतरण कार्य करने का फैसला लिया है।
आंसरशीट गायब होने का डर भी होगा खत्म
ऐसे में स्वाभाविक है कि परीक्षा परिणाम पिछली बार के बजाय दस से 15 दिन पहले ही निकाला जा सकेगा। बोर्ड की इस मुहिम से डाक में से आंसरशीट गायब होने का भय भी नहीं रहा है।
इससे पहले डाक से आंसरशीट गायब होने के मामले भी सामने आते रहते थे। गत वर्ष बोर्ड ने मई के अंतिम सप्ताह तक सभी संकायों का परीक्षा परिणाम निकाल दिया था।
इस संबंध में शिक्षा बोर्ड के सचिव बलवीर ठाकुर का कहना है कि बोर्ड ने इस बार कार्यप्रणाली बदली है। इस मर्तबा बोर्ड दस से पंद्रह दिन पहले परीक्षा परिणाम निकाल देगा।
जानिए किस तरह होता है हस्तांतरण
शिक्षा बोर्ड के सिक्रेसी ब्लॉक से दो या तीन दिन के लिए ही आंसर शीट मूल्यांकन केंद्रों को भेजी जाती हैं।
सुरक्षा के मद्देनजर मूल्यांकन केंद्रों में उत्तर पुस्तिकाओं का ज्यादा स्टाक नहीं भेजा जाता। इसके चलते बोर्ड से मूल्यांकन केंद्र तक आंसर शीट लाने और ले जाने का कार्य चला रहता है।
यह कार्य पूर्व में डाक के माध्यम से किया जाता था, लेकिन इस बार बोर्ड कर्मचारी स्वयं इसे अंजाम दे रहे हैं। शिक्षा बोर्ड की मार्च 2014 में आयोजित वार्षिक परीक्षाओं का मूल्यांकन कार्य 28 मार्च से शुरू हो गया है।
बोर्ड ने 30 मूल्यांकन केंद्र स्थापित किए हैं। इनमें एक हजार अध्यापक उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन कर रहे हैं।