Rajender Rana Statement: मैं बिकाऊ नहीं, जो भाजपा के बहकावे में फंस जाऊंगा
गुरुवार को हमीरपुर में मीडिया से बातचीत में राणा ने कहा कि कांग्रेस में ए, बी, सी और डी प्लान बने होते हैं। अगर किसी विधानसभा क्षेत्र से कोई विधायक पार्टी छोड़ता है तो उस चुनाव क्षेत्र में 10 ऐसे लोग लाइन में होते हैं जो विधायक बनने के काबिल होते हैं।
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पार्टी छोड़ने की अफवाहों पर हिमाचल प्रदेश कांग्रेस कमेटी के कार्यकारी अध्यक्ष एवं सुजानपुर से विधायक राजेंद्र राणा ने कहा कि मैं बिकाऊ नहीं, जो भाजपा के बहकावे में फंस जाऊंगा। भाजपाइयों में इतनी हिम्मत नहीं है कि वह मुझसे संपर्क कर सकें। मैं कांग्रेस का सच्चा सिपाही हूं। हमेशा कांग्रेस के साथ खड़ा हूं। उन्होंने कहा कि अगर किसी में दम है तो वह मेरे दिल्ली में भाजपा नेताओं से मिलने का सबूत दें वरना मानहानि का केस करेंगे। गुरुवार को हमीरपुर में मीडिया से बातचीत में राणा ने कहा कि कांग्रेस में ए, बी, सी और डी प्लान बने होते हैं।
अगर किसी विधानसभा क्षेत्र से कोई विधायक पार्टी छोड़ता है तो उस चुनाव क्षेत्र में 10 ऐसे लोग लाइन में होते हैं जो विधायक बनने के काबिल होते हैं। पार्टी छोड़ने वालों के खिलाफ सोशल मीडिया पर जिस तरह लोग कमेंट कर रहे हैं, उससे पता चलता है कि भाजपा के प्रति लोगों में कितना गुस्सा है। राणा ने कहा कि हवा कांग्रेस के पक्ष में है। हिमाचल की जनता उपचुनावों में भाजपा को ट्रेलर दिखा चुकी है। अब नवंबर-दिसंबर में सारी पिक्चर साफ हो जाएगी।
हिमाचल में नेतृत्व के सवाल पर राणा ने कहा कि पूर्व में दिवंगत वीरभद्र सिंह नेतृत्व करते रहे हैं। अब पार्टी हाईकामन का फैसला है कि चुनाव सामूहिक नेतृत्व में होंगे। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर खुद यह बोलकर सर्टिफिकेट दे चुके हैं कि कांग्रेस में एक नहीं, 10-10 मुख्यमंत्री प्रत्याशी हैं। इससे स्पष्ट है कि कांग्रेस में नेतृत्व की कमी नहीं है।
जयराम के फैसलों की कोई गारंटी नहीं
राज्य लोक सेवा आयोग में अध्यक्ष पद के शपथ ग्रहण समारोह को टालने पर राणा ने कहा कि वर्तमान सरकार के सारे फैसले दिल्ली से लिए जा रहे हैं। जयराम सरकार जब भी फैसला लेती है या अधिसूचना जारी करती है तो उसकी गारंटी नहीं होती कि वह अध्यक्ष पक्का है। दिल्ली से एक ही फोन आता है और उस अधिसूचना को रद्द करवा दिया जाता है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार अपना पांच साल का रिपोर्ट कार्ड जनता के सामने रखे।