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Shimla News: छेड़छाड़ के मामले में दी सजा, जिला अदालत ने रखी बकरार
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शिमला। जिला अदालत चक्कर ने महिला से छेड़छाड़ करने के जुर्म के लिए सुनाई गई सजा पर अपनी मुहर लगा दी है। न्यायिक दंडाधिकारी शिमला की अदालत ने आरोपी को तीन महीने की कारावास और पांच हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई थी।
दोषी अजय वैद्य ने इस निर्णय को सत्र न्यायाधीश शिमला की अदालत में अपील के माध्यम से चुनौती दी थी। शिकायतकर्ता ने पुलिस को शिकायत की थी कि वह पुराने बस अड्डा से निजी बस में निगम विहार सफर कर रही थी। आरोपी भी उसी में साथ खड़ा था और उससे छेड़खानी कर रहा था। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 354 ए के तहत मामला दर्ज किया। अभियोजन पक्ष ने विचारण अदालत के समक्ष अभियोग साबित करने के लिए गवाहों के बयान दर्ज करवाए। विचारण अदालत ने गवाहों के बयानों के आधार पर पाया था कि आरोपी ने महिला से छेड़छाड़ करने का जुर्म किया है। अदालत ने उसे इस जुर्म के लिए 3 माह की कारावास और पांच हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई थी। सत्र न्यायाधीश ने अपने निर्णय में कहा कि विचारण अदालत ने बयानों के आधार पर सही निर्णय सुनाया है।
ब्यूरो
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दोषी अजय वैद्य ने इस निर्णय को सत्र न्यायाधीश शिमला की अदालत में अपील के माध्यम से चुनौती दी थी। शिकायतकर्ता ने पुलिस को शिकायत की थी कि वह पुराने बस अड्डा से निजी बस में निगम विहार सफर कर रही थी। आरोपी भी उसी में साथ खड़ा था और उससे छेड़खानी कर रहा था। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 354 ए के तहत मामला दर्ज किया। अभियोजन पक्ष ने विचारण अदालत के समक्ष अभियोग साबित करने के लिए गवाहों के बयान दर्ज करवाए। विचारण अदालत ने गवाहों के बयानों के आधार पर पाया था कि आरोपी ने महिला से छेड़छाड़ करने का जुर्म किया है। अदालत ने उसे इस जुर्म के लिए 3 माह की कारावास और पांच हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई थी। सत्र न्यायाधीश ने अपने निर्णय में कहा कि विचारण अदालत ने बयानों के आधार पर सही निर्णय सुनाया है।
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